
बस्ती। गणतंत्र दिवस जैसे-जैसे नजदीक आ रहा है, शहर का माहौल पूरी तरह देशभक्ति के रंग में रंगता जा रहा है। सड़कों से लेकर बाजारों और मोहल्लों तक हर ओर तिरंगा लहराता दिखाई दे रहा है। चौक-चौराहों पर देशभक्ति गीतों की गूंज है और लोगों के चेहरों पर राष्ट्रीय पर्व को लेकर खास उमंग साफ झलक रही है।

शहर के प्रमुख बाजार इन दिनों खासा गुलजार हैं। तिरंगा झंडा, टोपी, हेयरबैंड, बैज, चूड़ियां, ब्रेसलेट, तिरंगा लड़ी और देशभक्ति थीम वाले चश्मे दुकानों की शोभा बढ़ा रहे हैं। इन दुकानों पर खरीदारी के लिए लोगों की भीड़ उमड़ रही है। खासकर बच्चे और युवा वर्ग पूरे जोश के साथ तिरंगे से जुड़े सामान खरीदते नजर आ रहे हैं। छोटे बच्चे हाथों में झंडा लेकर घूम रहे हैं तो युवा तिरंगे की टोपी और चश्मा पहनकर उत्सव का आनंद ले रहे हैं।
दुकानदारों के मुताबिक, गणतंत्र दिवस से पहले बिक्री में अच्छी बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। पक्के बाजार के व्यापारियों का कहना है कि स्कूलों और कॉलेजों में होने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों, प्रभात फेरियों और ध्वजारोहण समारोहों के कारण तिरंगे और सजावटी सामान की मांग लगातार बढ़ रही है। इस बार खास तौर पर तिरंगे रंग के कपड़े से बने परिधानों की मांग ज्यादा है। महिलाएं तिरंगे रंग के दुपट्टे, बैज और हेयरबैंड को पसंद कर रही हैं, वहीं युवा तिरंगा प्रिंटेड टी-शर्ट और एक्सेसरीज खरीद रहे हैं।
बाजारों में छाई इस रौनक से व्यापारियों में खुशी का माहौल है। दुकानदारों का कहना है कि राष्ट्रीय पर्व के मौके पर न सिर्फ देशभक्ति की भावना मजबूत होती है, बल्कि स्थानीय व्यापार को भी सहारा मिलता है। कई दुकानों को तिरंगे और झालरों से सजाया गया है, जिससे पूरा बाजार किसी उत्सव स्थल जैसा नजर आने लगा है।
गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर सरकारी कार्यालयों में भी विशेष तैयारियां की गई हैं। नगर पालिका, कलेक्ट्रेट, विकास भवन, बीडीए कार्यालय और सदर तहसील को रंग-बिरंगी झालरों और रोशनी से सजाया गया है। शाम होते ही जब ये इमारतें रोशनी से जगमगाने लगती हैं, तो आसपास का इलाका बेहद आकर्षक दिखाई देता है। साथ ही देशभक्ति गीतों की मधुर धुन माहौल को और भी भावुक बना देती है।
शहर के प्रमुख चौराहों पर स्थापित महापुरुषों की प्रतिमाओं को भी सजाया-संवारा जा रहा है। प्रतिमा स्थलों की साफ-सफाई के साथ लाइटिंग की व्यवस्था की गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि इससे शहर की सुंदरता तो बढ़ती ही है, साथ ही नई पीढ़ी को महापुरुषों के योगदान को याद करने का अवसर भी मिलता है।
गणतंत्र दिवस के जश्न में मिठाइयों की भी खास भूमिका रहती है। शहर की मिठाई दुकानों पर इन दिनों अच्छी-खासी भीड़ देखने को मिल रही है। स्कूलों, कार्यालयों और विभिन्न संस्थानों में ध्वजारोहण के बाद मिठाई बांटने की परंपरा के चलते लड्डू, बर्फी और पेड़े की मांग बढ़ गई है। मिठाई दुकानदारों ने भी पर्व को देखते हुए अतिरिक्त तैयारियां की हैं।
स्कूलों और कॉलेजों में भी गणतंत्र दिवस को लेकर उत्साह चरम पर है। छात्र-छात्राएं सांस्कृतिक कार्यक्रमों की तैयारियों में जुटे हैं। कहीं देशभक्ति गीतों पर नृत्य का अभ्यास हो रहा है तो कहीं भाषण, कविता पाठ और नाट्य प्रस्तुतियों की रिहर्सल चल रही है। शिक्षकों का मानना है कि इस तरह के कार्यक्रमों से विद्यार्थियों में देश के प्रति सम्मान और जिम्मेदारी की भावना विकसित होती है।
इसके अलावा सामाजिक संगठनों और स्वयंसेवी संस्थाओं ने भी गणतंत्र दिवस को लेकर कई कार्यक्रम तय किए हैं। कहीं प्रभात फेरी निकाली जाएगी तो कहीं स्वच्छता अभियान और जन-जागरूकता कार्यक्रम होंगे। कुछ संस्थाएं शहीदों को श्रद्धांजलि देने के लिए विशेष आयोजन भी करेंगी।
कुल मिलाकर, बस्ती शहर में गणतंत्र दिवस को लेकर हर ओर उत्साह, गर्व और उल्लास का माहौल है। तिरंगे की सजावट, बाजारों की रौनक, रोशन सरकारी इमारतें और लोगों के दिलों में उमड़ती देशभक्ति यह साफ दर्शाती है कि गणतंत्र दिवस केवल एक पर्व नहीं, बल्कि देश की एकता, लोकतंत्र और गौरव का प्रतीक है।
