
एटा में खून से लथपथ मिला युवक का शव, बेटे ने दोस्तों पर लगाया हत्या का आरोप
उत्तर प्रदेश के एटा जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जिसने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के उज्जेपुर गांव में शनिवार को 38 वर्षीय व्यक्ति का शव संदिग्ध परिस्थितियों में खून से लथपथ हालत में मिला। मृतक के बेटे ने अपने पिता की हत्या का आरोप उनके ही दोस्तों पर लगाया है। घटना के बाद गांव में तनाव और परिवार में मातम का माहौल है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी है।

सुबह मिली लाश, मचा हड़कंप
जानकारी के अनुसार, उज्जेपुर गांव के पास लोगों ने एक व्यक्ति को खून से लथपथ हालत में पड़ा देखा। पहले तो ग्रामीणों को लगा कि कोई घायल है, लेकिन पास जाकर देखने पर उसकी मौत हो चुकी थी। शव की पहचान गांव के ही 38 वर्षीय व्यक्ति के रूप में हुई। खबर फैलते ही गांव में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर जुट गए।
ग्रामीणों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही कोतवाली देहात थाना पुलिस मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण शुरू किया। पुलिस ने शुरुआती जांच में आसपास के इलाके को घेराबंदी कर साक्ष्य जुटाने की कार्रवाई की।
बेटे का गंभीर आरोप
घटना ने उस समय और तूल पकड़ लिया जब मृतक का बेटा पोस्टमार्टम गृह पहुंचा और मीडिया के सामने भावुक होकर बोला—“दोस्तों ने मेरे पापा को मार डाला।” बेटे ने आरोप लगाया कि उसके पिता को कुछ लोग पार्टी के बहाने अपने साथ ले गए थे, जहां उनके साथ मारपीट की गई और बाद में उनकी हत्या कर दी गई।
बेटे ने नामजद आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि उसके पिता की मौत कोई हादसा नहीं, बल्कि सुनियोजित हत्या है। बेटे के बयान के बाद मामला और संवेदनशील हो गया है।
पुलिस ने शुरू की कई एंगल से जांच
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले को गंभीरता से लिया गया है और हर पहलू से जांच की जा रही है। फिलहाल मौत की असली वजह पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर मेडिकल कॉलेज स्थित पोस्टमार्टम हाउस भेज दिया है।
इसके साथ ही पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि मृतक आखिरी बार किन लोगों के साथ देखा गया था और घटना के समय वहां क्या गतिविधियां हुईं।
पार्टी में ले जाने की बात की जांच
परिजनों द्वारा लगाए गए आरोपों के आधार पर पुलिस उस एंगल पर भी जांच कर रही है, जिसमें कहा गया है कि मृतक को पार्टी के बहाने बुलाया गया था। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि मृतक किन लोगों के संपर्क में था, आखिरी बार किसके साथ गया था और उसके मोबाइल की कॉल डिटेल क्या कहती है।
सूत्रों के मुताबिक, पुलिस मृतक के दोस्तों और परिचितों से पूछताछ की तैयारी कर रही है। यदि बेटे के आरोपों में दम पाया गया, तो नामजद लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया जा सकता है।
गांव में तनाव, परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल
घटना के बाद उज्जेपुर गांव में शोक और आक्रोश दोनों का माहौल है। मृतक के घर पर लोगों का तांता लगा हुआ है। परिवार के सदस्य बदहवास हैं और लगातार रो-रोकर न्याय की मांग कर रहे हैं।
सबसे मार्मिक दृश्य तब देखने को मिला जब मृतक का बेटा पोस्टमार्टम गृह में पिता के शव से लिपटकर फूट-फूट कर रो पड़ा। उसकी एक ही मांग थी—“पापा के कातिलों को सजा मिलनी चाहिए।” इस दृश्य ने वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम कर दीं।
पुलिस का बयान
कोतवाली देहात थाना पुलिस का कहना है कि अभी तक की जांच में मौत संदिग्ध जरूर लग रही है, लेकिन हत्या की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर ही की जाएगी। पुलिस ने कहा है कि परिजनों के आरोपों को भी गंभीरता से लिया जा रहा है।
अधिकारियों के मुताबिक, घटनास्थल से जरूरी साक्ष्य जुटा लिए गए हैं और मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) तथा सीसीटीवी फुटेज की मदद से घटनाक्रम को जोड़ने की कोशिश की जा रही है।
जल्द हो सकती है कार्रवाई
पुलिस सूत्रों का कहना है कि जिन लोगों के नाम सामने आ रहे हैं, उन्हें पूछताछ के लिए बुलाया जा सकता है। यदि जांच में मारपीट या हत्या के सबूत मिलते हैं, तो आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द की जाएगी।
वहीं, ग्रामीणों ने भी पुलिस से मामले का जल्द खुलासा करने और दोषियों को कड़ी सजा दिलाने की मांग की है। इलाके में किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पुलिस सतर्क बनी हुई है।
सच सामने आने का इंतजार
फिलहाल पूरा मामला पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस जांच पर टिका हुआ है। परिजन इसे हत्या बता रहे हैं, जबकि पुलिस सभी संभावनाओं को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। आने वाले दिनों में मेडिकल रिपोर्ट, डिजिटल साक्ष्य और पूछताछ के आधार पर ही मौत की असली वजह सामने आएगी।
इस घटना ने एक बार फिर सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर किन परिस्थितियों में एक परिवार का सहारा अचानक इस तरह खत्म हो गया। अब सभी की नजर पुलिस जांच और आगे की कार्रवाई पर टिकी हुई है।



