
“वीडियो बनाकर लगाया आरोप, फिर पी लिया ज़हर: ट्रक चालक की दर्दनाक मौत से हिला गांव”
थाना साहा क्षेत्र के गांव मिट्ठापुर में एक दर्दनाक और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। यहां एक ट्रक चालक ने कथित तौर पर पारिवारिक कलह, पत्नी की बेवफाई और ससुराल पक्ष के उत्पीड़न से तंग आकर आत्महत्या कर ली। मरने से पहले युवक ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो साझा किया, जिसने पूरे मामले को और भी सनसनीखेज बना दिया। वीडियो में उसने साफ शब्दों में कहा— “मेरी घरवाली और ससुराली मेरी मौत के जिम्मेदार हैं। मुझे सूली पर टांग रखा है।” इसके कुछ ही देर बाद उसने ज़हरीला पदार्थ पीकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।

घटना के बाद पूरे गांव में मातम पसरा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, वहीं सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो ने इलाके में हलचल मचा दी है। पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है।
आत्महत्या से पहले बनाया वीडियो, लगाए गंभीर आरोप
मृतक ने आत्महत्या से ठीक पहले एक भावुक और दर्द से भरा वीडियो रिकॉर्ड किया। वीडियो में उसने अपनी 12 साल की शादीशुदा जिंदगी की पीड़ा बयां की। उसने कहा कि वह पेशे से ट्रक चालक है और मेहनत-मजदूरी कर परिवार की हर जरूरत पूरी करता रहा। पत्नी ने जो भी मांगा, उसने पूरा करने की कोशिश की, लेकिन इसके बावजूद उसे कभी सम्मान और सुकून नहीं मिला।
वीडियो में युवक ने आरोप लगाया कि उसकी पत्नी की मां ने दोनों को जबरन अलग करवा दिया। उसने कहा कि उसने कई बार सास से विनती की कि घर न तोड़ा जाए, लेकिन उसकी एक न सुनी गई। अलग रहने के बाद उसकी जिंदगी पूरी तरह बर्बाद हो गई। उसने वीडियो में कहा— “12 साल हो गए हैं, मैं रोज़ रोता हूं। इन लोगों ने मुझे पूरी तरह तबाह कर दिया।”
ज़हरीला पदार्थ पीकर दी जान
वीडियो पोस्ट करने के बाद युवक ने पानी में ज़हरीला पदार्थ मिलाकर पी लिया। हालत बिगड़ते ही उसे अस्पताल ले जाया गया, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना मिलने पर साहा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अंबाला छावनी के नागरिक अस्पताल भेजा गया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
मृतक की पहचान और पारिवारिक पृष्ठभूमि
मृतक की पहचान संदीप सिंह के रूप में हुई है। परिजनों के अनुसार, संदीप की शादी करीब 12 साल पहले पंजाब के पटियाला में हुई थी। संदीप ट्रक चालक था और लंबे समय तक बाहर रहकर काम करता था। शादी के शुरुआती कुछ साल ठीक-ठाक रहे, लेकिन इसके बाद पति-पत्नी के बीच लगातार विवाद होने लगे।
संदीप के पिता बलविंदर सिंह ने आरोप लगाया कि उनका बेटा काफी समय से मानसिक तनाव में था। पत्नी और ससुराल वालों के साथ चल रहे विवादों ने उसे अंदर से तोड़ दिया था। कई बार रिश्तेदारों और गांव के लोगों ने समझौता कराने की कोशिश की, लेकिन हर बार बात बिगड़ती चली गई।
पंचायत और पुलिस भी नहीं सुलझा पाईं मामला
गांव के सरपंच बलदेव राज ने बताया कि दंपति की कोई संतान नहीं थी। बाद में उन्होंने एक बच्ची को गोद लिया था, लेकिन इससे भी रिश्तों में आई दरार नहीं भर सकी। विवाद इतना बढ़ गया कि पटियाला में कई बार पंचायतें बुलाई गईं। मामला पुलिस तक भी पहुंचा। पुलिस की मध्यस्थता के बाद पत्नी कुछ समय के लिए घर लौटी, लेकिन शांति ज्यादा दिन नहीं टिक सकी।
आए दिन के झगड़े, ताने और मानसिक दबाव से संदीप पूरी तरह टूट चुका था। परिजनों का कहना है कि वह अंदर ही अंदर घुट रहा था, लेकिन किसी के सामने खुलकर अपनी पीड़ा नहीं रख पा रहा था।
पैसों के लेन-देन का भी आरोप
वीडियो में संदीप ने ससुराल पक्ष पर आर्थिक शोषण के भी गंभीर आरोप लगाए। उसने कहा कि ससुराल वालों ने उससे एक लाख रुपये लिए थे, जिनमें से केवल 60 से 65 हजार रुपये ही लौटाए गए। बाकी रकम आज भी उनके पास है। उसने यह भी कहा कि यह पैसे उसने ब्याज पर उधार लेकर दिए थे और अब भी वह खुद ही ब्याज चुका रहा है। इस आर्थिक बोझ ने उसकी परेशानी को और बढ़ा दिया था।
पुलिस ने वीडियो को बनाया सबूत
साहा थाना प्रभारी कर्मवीर सिंह ने बताया कि आत्महत्या से पहले बनाया गया वीडियो पुलिस के कब्जे में ले लिया गया है और उसे महत्वपूर्ण साक्ष्य माना जा रहा है। परिजनों की शिकायत के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और वायरल वीडियो की बारीकी से जांच की जा रही है। जांच के बाद जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
गांव में शोक और सवाल
इस घटना के बाद गांव मिट्ठापुर में शोक की लहर है। लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर एक मेहनतकश व्यक्ति को इस हद तक क्यों टूटना पड़ा कि उसने मौत को गले लगा लिया। सोशल मीडिया पर भी लोग इस घटना पर दुख और गुस्सा जाहिर कर रहे हैं।
यह मामला न केवल एक व्यक्ति की मौत का है, बल्कि उन सामाजिक और पारिवारिक तनावों की तस्वीर भी पेश करता है, जो कई घरों में चुपचाप लोगों को अंदर से तोड़ रहे हैं। अब सबकी नजरें पुलिस जांच पर टिकी हैं कि क्या संदीप को इंसाफ मिल पाएगा या यह मामला भी फाइलों में दबकर रह जाएगा।

