
पिहोवा में गोलियों की गूंज: प्रॉपर्टी डीलर पर जानलेवा हमला, जमीन विवाद ने लिया खतरनाक मोड़
हरियाणा के हरियाणा के पिहोवा इलाके में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक प्रॉपर्टी डीलर पर सरेआम गोली चला दी गई। इस सनसनीखेज वारदात में डीलर के दोनों पैरों में गोलियां लगीं, जिसके बाद उसे तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना ने इलाके में कानून-व्यवस्था और बढ़ते प्रॉपर्टी विवादों को लेकर कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

घायल की पहचान पंजाब के पटियाला निवासी संदीप सिंह उर्फ सन्नी के रूप में हुई है। वह पिहोवा में अपनी खरीदी गई जमीन पर निर्माण कार्य करवा रहा था। इसी दौरान वहां पहुंचे कुछ लोगों के साथ उसका विवाद हो गया, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गया।
मिली जानकारी के अनुसार, संदीप सिंह ने जिस जमीन पर निर्माण शुरू किया था, वह उसने आरोपित पक्ष के ही परिवार के एक सदस्य से खरीदी थी। लेकिन जब वह काम करवा रहा था, तभी गगनजोत संधू नाम का युवक मौके पर पहुंचा और निर्माण कार्य रुकवाने की कोशिश करने लगा। इस बात को लेकर दोनों पक्षों में तीखी बहस हुई।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, बहस के दौरान माहौल अचानक बिगड़ गया और गगनजोत ने गुस्से में आकर फायरिंग कर दी। आरोप है कि उसने सीधे संदीप के पैरों को निशाना बनाते हुए गोली चलाई, जिससे वह जमीन पर गिर पड़ा और मौके पर अफरा-तफरी मच गई।
गोली लगने के बाद स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी और घायल को नजदीकी अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों के अनुसार, संदीप के दोनों पैरों में गोली लगी है, लेकिन समय रहते इलाज मिलने से उसकी हालत स्थिर है। फिलहाल उसका इलाज जारी है और डॉक्टर उसकी स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं।
इस मामले में सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि आरोपी का संबंध एक राजनीतिक परिवार से बताया जा रहा है। आरोप है कि गगनजोत संधू, पूर्व कृषि मंत्री के परिवार से जुड़ा हुआ है। हालांकि, पुलिस ने अभी तक इस संबंध में कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और मामले की निष्पक्ष जांच की बात कही है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए गए हैं और आसपास के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही पूरे मामले का खुलासा कर दिया जाएगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
घायल संदीप सिंह ने अपने बयान में बताया कि उसने जमीन पूरी तरह कानूनी प्रक्रिया के तहत खरीदी थी और उसके पास सभी जरूरी दस्तावेज मौजूद हैं। उसने आरोप लगाया कि उसे बिना किसी ठोस वजह के निशाना बनाया गया और जान से मारने की कोशिश की गई।
यह घटना एक बार फिर यह दर्शाती है कि हरियाणा और आसपास के क्षेत्रों में प्रॉपर्टी विवाद कितनी तेजी से हिंसक रूप ले रहे हैं। जमीन के बढ़ते दाम और स्वामित्व को लेकर अस्पष्टता अक्सर ऐसे विवादों को जन्म देती है, जो कई बार जानलेवा साबित होते हैं।
स्थानीय लोगों में इस घटना को लेकर भय और गुस्सा दोनों देखा जा रहा है। उनका कहना है कि अगर दिनदहाड़े इस तरह की घटनाएं होंगी, तो आम आदमी की सुरक्षा पर सवाल उठना लाजिमी है। लोगों ने प्रशासन से सख्त कार्रवाई और इलाके में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने की मांग की है।
पुलिस अब इस मामले में यह भी जांच कर रही है कि जमीन के दस्तावेजों में कोई गड़बड़ी तो नहीं है और क्या यह विवाद पहले से चल रहा था। इसके अलावा, यह भी पता लगाया जा रहा है कि फायरिंग के समय मौके पर और कौन-कौन लोग मौजूद थे और क्या इस घटना में किसी और की भी भूमिका है।
कानूनी जानकारों का कहना है कि अगर आरोप साबित होते हैं, तो आरोपी के खिलाफ हत्या के प्रयास (Attempt to Murder) सहित कई गंभीर धाराओं में केस दर्ज हो सकता है। इसके साथ ही अवैध हथियार रखने और इस्तेमाल करने के मामले भी जुड़ सकते हैं।
फिलहाल, पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है और आरोपी की गिरफ्तारी के प्रयास तेज कर दिए गए हैं। इस घटना ने न केवल इलाके में डर का माहौल पैदा किया है, बल्कि यह भी दिखा दिया है कि किस तरह जमीन से जुड़े विवाद कभी भी हिंसक रूप ले सकते हैं।
आने वाले दिनों में पुलिस जांच के बाद इस मामले में और भी खुलासे होने की संभावना है। वहीं, घायल संदीप सिंह के जल्द स्वस्थ होने की उम्मीद की जा रही है। अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि प्रशासन इस मामले में कितनी तेजी और सख्ती से कार्रवाई करता है।

