
जालंधर में नशे की बड़ी खेप बरामद: एंडेवर कार में घूम रहे पति-पत्नी गिरफ्तार, 7 किलो अफीम देख पुलिस भी हैरान
पंजाब के जालंधर जिले में नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। जालंधर ग्रामीण पुलिस ने एक पति-पत्नी को उस समय गिरफ्तार किया, जब वे लग्जरी एंडेवर कार में सवार होकर नशे की खेप ले जा रहे थे। तलाशी के दौरान जो बरामद हुआ, उसे देखकर मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी भी हैरान रह गए।

पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई नकोदर सब-डिवीजन के अंतर्गत की गई। चेकिंग के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में एक एंडेवर कार को रोका गया। जैसे ही पुलिस ने गाड़ी को रोकने का इशारा किया, कार में सवार पति-पत्नी नीचे उतरकर किट बैग लेकर भागने लगे। पुलिस ने तुरंत पीछा कर दोनों को एक निर्माणाधीन मकान के पास पकड़ लिया।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों की पहचान धरमिंदर सिंह चीमा और उसकी पत्नी चरणजीत कौर के रूप में हुई है। दोनों गांव बजूहा खुर्द, नकोदर के निवासी बताए जा रहे हैं। पुलिस ने मौके पर ही उनके किट बैग की तलाशी ली, जिसमें से भारी मात्रा में नशीला पदार्थ बरामद हुआ।
जालंधर ग्रामीण के एसएसपी हरविंदर सिंह विर्क ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस टीम गांव बजूहा खुर्द से जुगराल रोड पर नियमित नाकाबंदी और जांच कर रही थी। इसी दौरान पीबी-08-डीडी-2625 नंबर की एंडेवर गाड़ी पुलिस को देखकर संदिग्ध तरीके से रुकी। कार सवार महिला और पुरुष पुलिस को देख घबरा गए और बैग लेकर भागने की कोशिश करने लगे, जिससे पुलिस को शक और गहरा हो गया।
पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए दोनों को मौके पर काबू कर लिया। तलाशी के दौरान किट बैग से करीब 7 किलो अफीम और 4,900 रुपये की ड्रग मनी बरामद की गई। इसके अलावा, नशा तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एंडेवर कार को भी जब्त कर लिया गया है।
इस मामले में थाना सदर नकोदर में एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत केस दर्ज कर दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। पुलिस ने आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी शुरू कर दी है।
एसएसपी हरविंदर सिंह विर्क ने बताया कि पुलिस रिमांड के दौरान आरोपियों से गहन पूछताछ की जाएगी, ताकि यह पता लगाया जा सके कि नशे की यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे किन लोगों तक पहुंचाया जाना था। साथ ही, इस तस्करी से जुड़े पूरे नेटवर्क को उजागर करने के लिए आगे-पीछे के सभी लिंक खंगाले जाएंगे।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, मुख्य आरोपी धरमिंदर सिंह चीमा का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है। उस पर पहले भी एनडीपीएस एक्ट और चोरी से जुड़े कई मामले दर्ज रह चुके हैं। पुलिस का मानना है कि आरोपी लंबे समय से नशा तस्करी के धंधे से जुड़ा हो सकता है।
यह कार्रवाई पंजाब पुलिस के नशा विरोधी अभियान को एक बड़ी कामयाबी मानी जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि नशा तस्करों के खिलाफ इसी तरह सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी, ताकि राज्य को नशामुक्त बनाया जा सके।


