
सोनीपत में पुलिस मुठभेड़: कुख्यात बदमाश अंकित रिढ़ाऊ घायल, दोनों पैरों में लगी गोली
सोनीपत जिले के खरखौदा क्षेत्र में शनिवार देर रात पुलिस और कुख्यात अपराधी के बीच हुई मुठभेड़ से इलाके में हड़कंप मच गया। सीआईए-1 की टीम ने इनामी बदमाश अंकित रिढ़ाऊ को मुठभेड़ के बाद काबू कर लिया। इस दौरान पुलिस की जवाबी कार्रवाई में आरोपी के दोनों पैरों में गोली लग गई, जिसके बाद उसे घायल अवस्था में खरखौदा के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टरों की निगरानी में उसका इलाज चल रहा है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मुठभेड़ खरखौदा थाना क्षेत्र के गांव सोहटी के पास हुई। सीआईए-1 टीम को गुप्त सूचना मिली थी कि सोनीपत के गांव रिढ़ऊ निवासी कुख्यात अपराधी अंकित रिढ़ाऊ किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। सूचना के आधार पर पुलिस ने इलाके में नाकाबंदी की और संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखनी शुरू की।
बताया जा रहा है कि अंकित रिढ़ाऊ खरखौदा स्थित आईएमटी क्षेत्र की ओर जा रहा था। जब सीआईए-1 टीम ने उसे रोकने का इशारा किया तो उसने रुकने के बजाय पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने हालात को भांपते हुए आत्मरक्षा में जवाबी फायरिंग की। इस कार्रवाई में आरोपी के दोनों पैरों में गोली लगी और वह मौके पर ही गिर पड़ा। इसके बाद पुलिस ने उसे काबू में ले लिया।

घटना की सूचना मिलते ही मौके पर भारी पुलिस बल पहुंच गया। पूरे इलाके की घेराबंदी कर सघन तलाशी अभियान चलाया गया ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि आरोपी के साथ कोई अन्य बदमाश मौजूद न हो। मुठभेड़ स्थल से पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक अवैध पिस्तौल और चोरी की मोटरसाइकिल भी बरामद की है।
घायल आरोपी को तत्काल खरखौदा के सरकारी अस्पताल ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसे भर्ती कर लिया गया। पुलिस सुरक्षा के बीच उसका इलाज जारी है। अस्पताल परिसर में भी अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि किसी भी अप्रिय घटना से बचा जा सके।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अंकित रिढ़ाऊ पर लूट, हत्या के प्रयास, अवैध हथियार रखने और संगठित अपराध से जुड़े करीब 20 से अधिक आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। वह लंबे समय से पुलिस की मोस्ट वांटेड सूची में शामिल था। उसकी गिरफ्तारी पर सोनीपत पुलिस द्वारा 5,000 रुपये का इनाम भी घोषित किया गया था।
डीसीपी नरेंद्र कादयान ने मुठभेड़ की पुष्टि करते हुए बताया कि अंकित रिढ़ाऊ एक शातिर और आदतन अपराधी है। वह सोनीपत और आसपास के इलाकों में कई संगीन वारदातों में शामिल रहा है। उन्होंने बताया कि दो सप्ताह पहले मुरथल टोल प्लाजा के पूर्व मैनेजर पर उस समय जानलेवा हमला किया गया था, जब वह कोर्ट में गवाही देने जा रहे थे। इस मामले में भी अंकित रिढ़ाऊ के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई थी।
डीसीपी के अनुसार, पुलिस को काफी समय से आरोपी की तलाश थी और सीआईए-1 की टीम लगातार उसके संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही थी। आखिरकार गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस को यह बड़ी सफलता मिली है। उन्होंने कहा कि मुठभेड़ पूरी तरह से आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई थी, क्योंकि आरोपी ने पहले पुलिस पर फायरिंग की।
पुलिस का मानना है कि अंकित रिढ़ाऊ किसी बड़े आपराधिक गिरोह से जुड़ा हो सकता है। अब उसके घायल होने और गिरफ्त में आने के बाद उससे पूछताछ की जाएगी, जिससे उसके नेटवर्क और अन्य अपराधियों के बारे में अहम जानकारियां मिलने की उम्मीद है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी हाल के दिनों में किन-किन वारदातों को अंजाम देने की योजना बना रहा था।
स्थानीय लोगों में इस मुठभेड़ के बाद दहशत के साथ-साथ राहत का माहौल भी देखने को मिला। ग्रामीणों का कहना है कि अंकित रिढ़ाऊ का नाम लंबे समय से अपराध की दुनिया में कुख्यात था और उसकी गिरफ्तारी से इलाके में कानून-व्यवस्था मजबूत होगी।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है। आरोपी के खिलाफ दर्ज सभी मामलों की फाइलें खंगाली जा रही हैं और यह भी पता लगाया जा रहा है कि उसे अवैध हथियार और चोरी की मोटरसाइकिल कहां से मिली। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि कानून के तहत आगे की कार्रवाई की जाएगी और आरोपी को अदालत में पेश किया जाएगा।
सोनीपत पुलिस ने इस कार्रवाई को बड़ी सफलता बताते हुए कहा है कि अपराधियों के खिलाफ सख्त अभियान आगे भी जारी रहेगा, ताकि जिले में शांति और सुरक्षा कायम रखी जा सके।

