
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने जीएनडीयू गोल्डन जुबली कान्वोकेशन में किया शामिल, 463 विद्यार्थियों को डिग्री और मेडल
अमृतसर
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज पंजाब दौरे पर अमृतसर पहुंचीं और गुरु नानक देव यूनिवर्सिटी (जीएनडीयू) की 50वीं गोल्डन जुबली कान्वोकेशन में शिरकत की। इस अवसर पर कुल 463 विद्यार्थियों को डिग्री और मेडल प्रदान किए जाएंगे। राष्ट्रपति के आगमन को देखते हुए विश्वविद्यालय परिसर और शहर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं।

कार्यक्रम की तैयारियों में जीएनडीयू प्रशासन, जिला प्रशासन और राज्य पुलिस ने संयुक्त रूप से भाग लिया। सुरक्षा रिहर्सल में एडीजीपी स्तर की टीम ने कन्वेंशन हॉल में सुरक्षा मानकों और रूट प्लान की समीक्षा की। विश्वविद्यालय के वीसी डॉ. करमजीत सिंह, डीसी दलविंदरजीत सिंह, पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर, एआईजी परमिंदर सिंह भंडाल सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
कान्वोकेशन में शामिल होने वाले छात्रों को पहचान दस्तावेज और पास प्रदान किए गए। डिग्री और मेडल वितरण के लिए एडमिशन डॉक्यूमेंट और टैग नंबर भी तय किए गए। परिसर और आसपास के इलाके को बैरिकेडिंग के साथ सील किया गया और केवल तलाशी के बाद ही लोग अंदर प्रवेश कर सके।
इस अवसर पर 74 अंडरग्रेजुएट, 102 पोस्टग्रेजुएट, 270 पीएचडी डिग्री और 7 मेमोरियल मेडल वितरित किए जाएंगे। इसके अलावा विश्वविद्यालय दो प्रतिष्ठित हस्तियों को ऑनरेरी डॉक्टरेट से सम्मानित करेगी।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान और गवर्नर गुलाबचंद कटारिया भी समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। मुख्यमंत्री गुरुवार को हरमिंदर साहिब और अकाल तख्त में विशेष कार्यक्रम में भाग लेंगे, जिसके लिए भी कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए हैं।
सुरक्षा व्यवस्था के तहत पुलिस और प्रशासन ने जनता से सहयोग की अपील की है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा के मद्देनज़र कार्यक्रम स्थल और आसपास के मार्गों पर आवाजाही नियंत्रित रहेगी, ताकि प्रतिभागियों और आम नागरिकों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की उपस्थिति ने इस कार्यक्रम को और भी विशेष और यादगार बना दिया। छात्रों, शिक्षकों और आम जनता में उत्साह का माहौल रहा, वहीं अमृतसर विश्वविद्यालय का यह 50वां समारोह शैक्षणिक गौरव और परंपरा का प्रतीक बनकर उभरा।


