
अमृतसर में दोहरी साजिश बेनकाब: पाक एजेंसी के लिए जासूसी करता युवक गिरफ्तार, सीमा से 125 करोड़ की हेरोइन और हथियार जब्त
पंजाब के अमृतसर जिले में सुरक्षा एजेंसियों ने एक के बाद एक कार्रवाई करते हुए जासूसी और नशा तस्करी के बड़े नेटवर्क का खुलासा किया है। एक ओर जहां पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी के लिए काम करने के आरोप में एक युवक को दबोचा गया है, वहीं दूसरी ओर सीमा के पास एक घर से भारी मात्रा में हेरोइन और हथियार बरामद किए गए हैं।

किसान की आड़ में जासूसी का आरोप
स्टेट स्पेशल ऑपरेशन सेल (SSOC) ने खुफिया इनपुट के आधार पर हरपाल सिंह (35) को गिरफ्तार किया है। आरोपी अमृतसर जिले की अजनाला तहसील के सीमावर्ती क्षेत्र का रहने वाला है और खुद को किसान बताता था। पुलिस के अनुसार, वह पिछले करीब एक साल से पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई के संपर्क में था और भारतीय सेना से जुड़ी गोपनीय जानकारियां साझा कर रहा था।
डिजिटल सबूतों की जांच जारी
गिरफ्तारी के दौरान आरोपी के पास से एक मोबाइल फोन और एक सीडी बरामद की गई है। शुरुआती जांच में मोबाइल से कुछ संदिग्ध और सीमा पार के नंबर सामने आए हैं। सुरक्षा एजेंसियों को उम्मीद है कि इन डिजिटल उपकरणों की फॉरेंसिक जांच से
जासूसी के तरीकों
संपर्क में रहे हैंडलरों
और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों
का खुलासा हो सकता है।
सीमा क्षेत्र में पहले से थी नजर
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, सीमा से सटे इलाके में रहने वाले संदिग्धों पर पहले से निगरानी रखी जा रही थी। पुख्ता सूचना मिलने के बाद नाकेबंदी कर आरोपी को हिरासत में लिया गया। फिलहाल उसके खिलाफ गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर पूछताछ की जा रही है।
घोगा गांव में ड्रग्स और हथियारों की बड़ी खेप पकड़ी गई
इसी दौरान अमृतसर के घोगा गांव में पुलिस और बीएसएफ की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक मकान से 25 किलो हेरोइन बरामद की है। पुलिस के मुताबिक, इसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 125 करोड़ रुपये बताई जा रही है।
नशे के साथ हथियार भी मिले
छापेमारी के दौरान हेरोइन के अलावा
दो पिस्तौल
चार मैगजीन
60 जिंदा कारतूस
भी जब्त किए गए हैं, जिससे साफ है कि मामला सिर्फ तस्करी नहीं, बल्कि संगठित अपराध से भी जुड़ा हो सकता है।
ड्रोन से सप्लाई की आशंका
प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि नशीले पदार्थों की यह खेप पाकिस्तान की ओर से ड्रोन या अन्य आधुनिक तरीकों से सीमा पार भेजी गई थी। इसे आगे पंजाब के अलग-अलग इलाकों में खपाने की तैयारी थी।
एजेंसियां जोड़ रहीं कड़ियां
पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि
बरामदगी वाले घर का मालिक कौन है
इस नेटवर्क के पीछे कौन-कौन लोग सक्रिय हैं
और क्या जासूसी व ड्रग तस्करी के मामलों में कोई आपसी संबंध है
बरामद सामग्री को फॉरेंसिक और तकनीकी जांच के लिए भेज दिया गया है।
सुरक्षा को लेकर बढ़ी चिंता
एक ही जिले में सामने आए इन मामलों ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच आगे बढ़ने के साथ और भी बड़े खुलासे सामने आ सकते हैं और नेटवर्क की जड़ तक पहुंचने की कोशिश जारी है।



