
पूर्व आईजी से 8.10 करोड़ की साइबर ठगी केस में बड़ा घटनाक्रम, मुंबई से पकड़े गए आरोपी की मौत
पंजाब के पूर्व आईजी अमर सिंह चहल से हुई 8.10 करोड़ रुपये की साइबर ठगी के बहुचर्चित मामले में एक अहम आरोपी की मौत हो गई है। पटियाला पुलिस ने इस केस में मुंबई से गिरफ्तार किए गए आरोपी चंद्रकांत को ट्रांजिट रिमांड पर पंजाब लाया था, लेकिन इलाज के दौरान शुक्रवार को उसकी राजिंदरा अस्पताल में मौत हो गई।

जांच में सामने आया था कि चंद्रकांत सिम कार्ड बेचने का काम करता था और साइबर ठगी के इस बड़े नेटवर्क में उसकी अहम भूमिका थी। आरोप है कि वही ठगी में शामिल आरोपियों और दुबई में बैठे मास्टरमाइंड को सक्रिय सिम कार्ड उपलब्ध कराता था, जिनका इस्तेमाल करोड़ों की ठगी में किया गया।
48 वर्षीय चंद्रकांत को 3 जनवरी को मुंबई से गिरफ्तार कर पटियाला लाया गया था। अदालत में पेशी के बाद पुलिस ने उसका रिमांड 8 जनवरी तक हासिल किया था। हालांकि, ट्रांजिट रिमांड के दौरान ही उसकी तबीयत बिगड़ गई। वह पहले से ही शुगर और ब्लड प्रेशर का मरीज था। हालत गंभीर होने पर 5 जनवरी को उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी स्थिति लगातार नाजुक बनी रही।
इसी बीच चंद्रकांत के वकील ने अदालत में जमानत याचिका दायर की थी, जिस पर कोर्ट ने उसका मेडिकल रिकॉर्ड तलब किया था। लेकिन रिकॉर्ड पेश होने से पहले ही शुक्रवार को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
फिलहाल चंद्रकांत का शव राजिंदरा अस्पताल की मोर्चरी में रखा गया है। शनिवार को डॉक्टरों के पैनल द्वारा पोस्टमार्टम किए जाने के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा। पुलिस मामले की आगे की जांच जारी रखे हुए है।


