
पानीपत में सर्दी से बचते हुए हुई मौत: कमरे में अंगीठी जलाकर सोए श्रमिक की जिंदगी पर कहर
पानीपत के ददलाना गांव से एक दुखद खबर सामने आई है। सर्दी से बचने के लिए कमरे में अंगीठी जलाकर सोए श्रमिक अजब लाल मंडल (48) की मौत हो गई। तीन दिन पहले बेसुध हालत में उन्हें एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन वीरवार को उनकी इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। बिहार से मृतक के परिजन भी पानीपत पहुंच गए हैं। शुक्रवार को पोस्टमार्टम कराया जाएगा।

जानकारी के अनुसार, अजब लाल मंडल बिहार के भागलपुर जिले के निवासी थे और पानीपत में फैक्टरी में काम करते थे। वह फैक्टरी परिसर में बने श्रमिक क्वार्टर में रहते थे। मृतक के बेटे जितेंद्र ने बताया कि पिछले तीन-चार दिनों से ठंड अधिक थी, इसी कारण उनके पिता ने कमरे में अंगीठी जलाकर सोने का फैसला किया और दरवाजा बंद कर लिया।
रात के दौरान अजब लाल की तबीयत बिगड़ गई। साथी श्रमिकों ने उन्हें तुरंत शहर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया, जहां तीन दिन तक उनका इलाज चलता रहा। लेकिन वीरवार दोपहर को उनकी मौत हो गई।
इस घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जिला नागरिक अस्पताल के शवगृह में रखवा दिया। हालांकि मृतक के परिजन मुआवजे की मांग करने के कारण पोस्टमार्टम वीरवार को नहीं हो सका।
सदर थाना प्रभारी नीरज ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर शुक्रवार को पोस्टमार्टम कराया जाएगा। मृतक के परिवार को हर संभव सहायता देने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
यह घटना मजदूरों के लिए रहने की असुरक्षित परिस्थितियों और ठंड से सुरक्षा के अभाव की ओर ध्यान खींचती है। छोटे कमरों में अंगीठी जलाकर सोने जैसी आदतें अक्सर जानलेवा साबित हो सकती हैं। पानीपत पुलिस और फैक्टरी प्रशासन ने इस दुखद हादसे की जांच शुरू कर दी है और आगे के सुरक्षा उपायों पर विचार कर रहे हैं।

