हरियाणा

पानीपत की नहर में बहता मिला अज्ञात शव, पहचान के लिए पुलिस ने तीन जिलों में छेड़ी सर्च मुहिम

हरियाणा के पानीपत जिले में शनिवार का दिन एक रहस्यमयी घटना के नाम रहा, जब सिवाह बाईपास के पास दिल्ली पैरलल नहर में एक अज्ञात व्यक्ति का शव बहता हुआ मिलने से पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया। यह घटना उस समय सामने आई जब स्थानीय ग्रामीणों की नजर अचानक पानी में बह रही एक लाश पर पड़ी। देखते ही देखते यह खबर पूरे इलाके में फैल गई और बड़ी संख्या में लोग मौके पर इकट्ठा हो गए। सूचना मिलते ही पुलिस भी तुरंत हरकत में आई और घटनास्थल पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, सिवाह गांव के पास बह रही नहर में पानी के तेज बहाव के साथ एक शव बहता हुआ दिखाई दिया। शुरुआत में लोगों को शक हुआ, लेकिन जब ध्यान से देखा गया तो स्पष्ट हो गया कि वह एक व्यक्ति का शव है। स्थिति की गंभीरता को समझते हुए ग्रामीणों ने बिना देर किए मिलकर शव को नहर से बाहर निकाला, ताकि वह आगे बह न जाए और उसकी जांच की जा सके। इसके तुरंत बाद डायल 112 पर कॉल कर पुलिस को सूचित किया गया।

कुछ ही समय में पुलिस की पीसीआर टीम और स्थानीय थाना पुलिस मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने पूरे क्षेत्र को घेरते हुए जांच प्रक्रिया शुरू की। शव की स्थिति को देखकर अंदाजा लगाया गया कि मृतक की उम्र लगभग 40 वर्ष के आसपास है। हालांकि, मृतक के पास से कोई पहचान पत्र, मोबाइल फोन या अन्य दस्तावेज बरामद नहीं हुए, जिससे उसकी पहचान हो सके। इस वजह से पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती शव की शिनाख्त करना बन गई है।

घटनास्थल पर मौजूद लोगों से पुलिस ने पूछताछ की, लेकिन किसी ने भी मृतक को पहचानने की पुष्टि नहीं की। इससे यह साफ हो गया कि मृतक स्थानीय निवासी नहीं है या फिर उसे यहां किसी और स्थान से लाया गया हो सकता है। इस संभावना को ध्यान में रखते हुए पुलिस ने अपनी जांच का दायरा बढ़ा दिया है।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पानीपत पुलिस ने पड़ोसी जिलों—करनाल, जींद और रोहतक—की पुलिस से भी संपर्क साधा है। इन सभी जिलों के पुलिस थानों को निर्देश दिए गए हैं कि वे हाल ही में दर्ज गुमशुदगी के मामलों की सूची को खंगालें और किसी भी ऐसे व्यक्ति की जानकारी साझा करें, जिसकी उम्र और हुलिया इस शव से मेल खाता हो। पुलिस का मानना है कि इस तरह की समन्वित कार्रवाई से मृतक की पहचान जल्द हो सकती है।

इसके साथ ही, पुलिस ने आधुनिक तकनीक और सोशल मीडिया का भी सहारा लिया है। मृतक की तस्वीर और हुलिए को व्हाट्सएप ग्रुप, फेसबुक और ट्विटर (X) जैसे प्लेटफॉर्म पर शेयर किया गया है, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों तक यह जानकारी पहुंच सके। कई बार ऐसे मामलों में सोशल मीडिया के जरिए ही पहचान संभव हो पाती है, इसलिए पुलिस इस विकल्प का पूरा उपयोग कर रही है।

फिलहाल, पुलिस इस मामले को कई अलग-अलग एंगल से जांच रही है। सबसे पहला सवाल यह है कि आखिर यह व्यक्ति नहर में कैसे पहुंचा। क्या यह एक हादसा था, जिसमें व्यक्ति किसी कारणवश नहर में गिर गया? या फिर यह आत्महत्या का मामला हो सकता है, जिसमें व्यक्ति ने मानसिक तनाव या किसी निजी कारण से यह कदम उठाया हो? इन संभावनाओं के साथ-साथ पुलिस हत्या के एंगल को भी गंभीरता से देख रही है। यह भी संभव है कि किसी ने इस व्यक्ति की हत्या कर शव को नहर में फेंक दिया हो, ताकि पहचान छिपाई जा सके और सबूत नष्ट हो जाएं।

इन सभी सवालों के जवाब फिलहाल पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएंगे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर सभी जरूरी कानूनी औपचारिकताएं पूरी कर ली हैं। शव को पानीपत के सामान्य अस्पताल के शव गृह में रखवाया गया है, जहां उसे 72 घंटे तक पहचान के लिए सुरक्षित रखा जाएगा। यदि इस दौरान कोई व्यक्ति मृतक की पहचान करता है, तो आगे की कार्रवाई उसी आधार पर की जाएगी।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शव की पहचान इस केस की सबसे अहम कड़ी है। जैसे ही मृतक की पहचान हो जाती है, जांच को एक स्पष्ट दिशा मिल जाएगी। उसके परिवार और परिचितों से पूछताछ कर यह पता लगाया जा सकेगा कि वह कब और कैसे लापता हुआ था और उसकी मौत के पीछे क्या कारण हो सकते हैं।

इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में दहशत और जिज्ञासा का माहौल बना हुआ है। लोग तरह-तरह की चर्चाएं कर रहे हैं और इस बात को लेकर चिंतित हैं कि कहीं यह कोई आपराधिक घटना तो नहीं है। वहीं, पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाह फैलाने से बचें और यदि उनके पास कोई भी जानकारी हो, तो तुरंत पुलिस को दें।

पानीपत पुलिस ने आम जनता से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि यदि किसी का कोई परिजन या जानकार पिछले कुछ दिनों से लापता है और उसका हुलिया इस मृतक से मेल खाता है, तो वह तुरंत नजदीकी पुलिस स्टेशन या डायल 112 पर संपर्क करे। पुलिस ने यह भी आश्वासन दिया है कि सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।

यह घटना एक बार फिर से यह सोचने पर मजबूर करती है कि नहरों और जल स्रोतों के आसपास सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम क्यों नहीं हैं। कई बार लापरवाही या सुरक्षा की कमी के कारण ऐसी घटनाएं सामने आती हैं। ऐसे में प्रशासन को चाहिए कि इन क्षेत्रों में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।

फिलहाल, यह मामला पूरी तरह से रहस्य बना हुआ है। पुलिस की जांच जारी है और सभी की नजरें अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और शव की पहचान पर टिकी हुई हैं। जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ेगी, इस घटना के पीछे की सच्चाई भी सामने आने की उम्मीद है। तब तक के लिए यह मामला पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है और हर कोई इस अज्ञात शव की कहानी जानने को उत्सुक है।

Join WhatsApp Channel Join Now
Subscribe and Follow on YouTube Subscribe
Follow on Facebook Follow
Follow on X-twitter Follow
Download from Google Play Store Download

Related Articles

Back to top button