
पंजाब सरकार 796 नई बसों के साथ गांवों से शहरों तक परिवहन को मजबूत करेगी; पनबस और पीआरटीसी बेड़े में शामिल होंगी
पंजाब सरकार ने राज्य में सार्वजनिक परिवहन को और अधिक सुरक्षित, सुलभ और किफायती बनाने के लिए 796 नई बसों की खरीद का ऐलान किया है। यह कदम न केवल बसों की संख्या बढ़ाने के लिए है, बल्कि ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के बीच निर्बाध कनेक्टिविटी सुनिश्चित करने के लिए भी अहम माना जा रहा है।

वर्तमान में पंजाब सरकार के अधीन 2,267 बसें संचालित हो रही हैं, जिनमें 1,119 बसें पनबस (पंजाब स्टेट बस स्टैंड मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड) के तहत हैं। नई योजना के तहत 796 बसें सीधे खरीदी जाएंगी, जबकि 483 बसें किलोमीटर स्कीम के अंतर्गत शामिल होंगी, ताकि राज्य की परिवहन मांग और रूट आवश्यकताओं का सुव्यवस्थित समाधान किया जा सके।
इस योजना में 696 साधारण बसों और 100 मिडी बसों को शामिल किया जाएगा। पनबस को 387 साधारण बसें और पीआरटीसी (पंजाब रोड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन) को 309 साधारण बसों के साथ 100 मिडी बसें दी जाएंगी। मिडी बसों का चयन विशेष रूप से शहरों की भीड़भाड़ वाली सड़कों और ग्रामीण रूटों के लिए किया गया है, जहां बड़ी बसों का संचालन मुश्किल होता है।
नई बसें एआईएस-153 मानकों के अनुसार होंगी, जिससे सुरक्षा, आराम और सुलभता बढ़ेगी। इनमें दिव्यांग यात्रियों के लिए व्हीलचेयर-अनुकूल बोर्डिंग सुविधा, कम शोर और कंपन, बेहतर सीटिंग व्यवस्था और फायर डिटेक्शन सिस्टम, जीपीएस, सीसीटीवी, एलईडी लाइट और नाइट लैंप जैसी सुविधाएं शामिल होंगी। यह विशेषकर रात के समय महिलाओं की सुरक्षा को सुनिश्चित करेगा।
किलोमीटर स्कीम के तहत पनबस को 100 एचवीएसी बसें और 100 साधारण बसें मिलेंगी, जबकि पीआरटीसी को 254 साधारण बसें और 14 इंटीग्रल कोच बसें दी जाएंगी। एचवीएसी बसें भारत स्टेज-6 उत्सर्जन मानकों का पालन करेंगी, जिससे पर्यावरण संरक्षण और सार्वजनिक स्वास्थ्य सुनिश्चित होगा।
इस विस्तार के बाद पनबस और पीआरटीसी के बेड़े में क्रमशः 602 और 670 नई बसें शामिल होंगी। नई बसों के संचालन से राज्यभर में बस सेवाओं की निरंतरता, विश्वसनीयता और बेहतर रूट कवरेज सुनिश्चित होगी। योजना का चरणबद्ध कार्यान्वयन मार्च से शुरू होगा, जिससे मौजूदा सेवाओं पर असर पड़े बिना निरंतर संचालन संभव होगा।
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में यह कदम सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने, आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देने और नागरिकों को शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार जैसी सुविधाओं तक आसान पहुंच देने की दिशा में एक ठोस प्रयास है। यह स्पष्ट करता है कि भगवंत मान सरकार सार्वजनिक परिवहन को जनहित में प्राथमिकता दे रही है और निजी ऑपरेटरों के बजाय सरकारी बस सेवाओं को अधिक भरोसेमंद बनाने पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
इस परियोजना के माध्यम से पंजाब में लोगों की दैनिक आवाजाही आसान होगी, राज्य की बुनियादी ढांचा क्षमता मजबूत होगी और जनता का सरकारी बस सेवाओं पर भरोसा और बढ़ेगा।


