दिल्ली

उत्तम नगर में डबल डेथ मिस्ट्री: किराए के मकान से दो शव मिलने से सनसनी, बिना चोट के मौत ने बढ़ाई उलझन

दिल्ली के द्वारका जिले के उत्तम नगर इलाके में सामने आई एक रहस्यमयी घटना ने न सिर्फ स्थानीय लोगों को झकझोर दिया है, बल्कि पुलिस के सामने भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं। मोहन गार्डन स्थित एक किराए के मकान में दो लोगों के शव मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। सबसे हैरान करने वाली बात यह है कि दोनों शवों पर किसी भी प्रकार के बाहरी चोट के निशान नहीं पाए गए, जिससे मामला और ज्यादा पेचीदा हो गया है।

घटना शनिवार शाम की है, जब पुलिस कंट्रोल रूम को करीब 6:55 बजे एक कॉल मिली। कॉल करने वाले ने बताया कि मेट्रो पिलर नंबर 743 के पास एक मकान के अंदर दो लोग मृत अवस्था में पड़े हैं। सूचना मिलते ही उत्तम नगर थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। घर के अंदर का दृश्य देखकर पुलिस भी कुछ समय के लिए हैरान रह गई।

मृतकों की पहचान 50 वर्षीय देवेंद्र और 48 वर्षीय अमित कुमार के रूप में हुई है। देवेंद्र मोहन गार्डन के ही निवासी थे, जबकि अमित कुमार हस्तसाल की जेजे कॉलोनी में रहते थे। दोनों पिछले कुछ समय से 65 वर्षीय नरेश के मकान में किराए पर रह रहे थे। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, दोनों एक-दूसरे को पहले से जानते थे और साथ में रह रहे थे।

पुलिस के मौके पर पहुंचने के बाद सबसे पहले घर को सील कर दिया गया ताकि किसी भी तरह के साक्ष्य से छेड़छाड़ न हो सके। इसके बाद क्राइम टीम को बुलाया गया, जिसने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। साथ ही फॉरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) की टीम को भी जांच के लिए बुलाया गया, जिसने मौके से कई महत्वपूर्ण सैंपल एकत्र किए।

जांच के दौरान पुलिस को यह बात सबसे ज्यादा उलझाने वाली लगी कि दोनों शवों पर किसी भी प्रकार की बाहरी चोट के निशान नहीं थे। न ही कमरे में किसी तरह के संघर्ष के संकेत मिले। सामान अपनी जगह पर व्यवस्थित था और दरवाजे-खिड़कियों पर भी जबरन घुसने के कोई निशान नहीं थे। ऐसे में यह सवाल उठना लाजिमी है कि आखिर दोनों की मौत कैसे हुई।

पुलिस अब इस मामले में हर एंगल से जांच कर रही है। एक संभावना यह भी जताई जा रही है कि कहीं दोनों ने किसी जहरीले पदार्थ का सेवन तो नहीं किया। इसके अलावा गैस लीकेज या दम घुटने जैसी स्थिति को भी नजरअंदाज नहीं किया जा रहा है। हालांकि, इन सभी संभावनाओं की पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो सकेगी।

पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। मेडिकल जांच के जरिए यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि मौत का असली कारण क्या था। साथ ही विसरा सैंपल भी जांच के लिए भेजे जाएंगे, जिससे यह साफ हो सके कि शरीर में किसी जहरीले तत्व की मौजूदगी थी या नहीं।

स्थानीय लोगों से पूछताछ में सामने आया है कि दोनों व्यक्ति शांत स्वभाव के थे और किसी तरह के विवाद में शामिल नहीं रहते थे। हालांकि, पुलिस इस पहलू को भी गंभीरता से ले रही है कि कहीं किसी निजी रंजिश या आर्थिक विवाद का मामला तो नहीं है। इसके लिए दोनों के मोबाइल फोन, कॉल डिटेल्स और सोशल कनेक्शन की भी जांच की जा रही है।

मकान मालिक नरेश से भी पुलिस ने पूछताछ की है। उन्होंने बताया कि दोनों किराएदार पिछले कुछ समय से उनके यहां रह रहे थे और उन्होंने कभी किसी संदिग्ध गतिविधि पर ध्यान नहीं दिया। नरेश के अनुसार, दोनों का व्यवहार सामान्य था और वे अपने काम से मतलब रखते थे।

पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि घटना से पहले या बाद में कोई संदिग्ध व्यक्ति घर के आसपास देखा गया था या नहीं। इसके अलावा यह भी जांच की जा रही है कि आखिरी बार दोनों को जिंदा कब और किसके साथ देखा गया था।

घटना के बाद इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं। कुछ लोग इसे आत्महत्या का मामला मान रहे हैं, तो कुछ इसे हत्या की साजिश बता रहे हैं। हालांकि, पुलिस ने साफ किया है कि अभी किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी और जांच पूरी होने के बाद ही सच्चाई सामने आएगी।

वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने भी मौके का दौरा किया और जांच टीम को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उनका कहना है कि यह मामला संवेदनशील है और हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच की जा रही है। पुलिस का दावा है कि जल्द ही इस रहस्य से पर्दा उठाया जाएगा।

यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि बड़े शहरों में किराए के मकानों में रहने वाले लोगों की सुरक्षा और उनकी पृष्ठभूमि की जांच कितनी जरूरी है। अक्सर देखा जाता है कि बिना पूरी जानकारी के किराएदार रख लिए जाते हैं, जिससे बाद में ऐसी घटनाओं में जांच प्रभावित होती है।

फिलहाल पुलिस की पूरी कोशिश है कि इस डबल डेथ मिस्ट्री को जल्द से जल्द सुलझाया जाए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और एफएसएल जांच के नतीजे इस मामले में अहम कड़ी साबित होंगे। जब तक ये रिपोर्ट सामने नहीं आतीं, तब तक यह मामला रहस्य बना रहेगा।

उत्तम नगर की यह घटना राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था और सामाजिक सतर्कता पर भी सवाल खड़े करती है। अब सभी की नजरें पुलिस जांच पर टिकी हैं कि आखिर इस मामले का सच क्या है और इन दो जिंदगियों का अंत किन परिस्थितियों में हुआ।

Join WhatsApp Channel Join Now
Subscribe and Follow on YouTube Subscribe
Follow on Facebook Follow
Follow on X-twitter Follow
Download from Google Play Store Download

Related Articles

Back to top button