
अवैध रिश्ते का अंजाम—नींद की गोलियों से बेहोश कर पति की हत्या, सुबह रो-रोकर रचती रही मासूमियत का नाटक
उत्तर प्रदेश के अमरोहा जिले के हसनपुर क्षेत्र में सामने आई एक दिल दहला देने वाली वारदात ने हर किसी को झकझोर कर रख दिया है। यहां एक महिला ने अपने ही पति की हत्या की ऐसी साजिश रची, जिसे सुनकर लोगों के रोंगटे खड़े हो जाएं। अवैध संबंधों के चलते पति को रास्ते से हटाने के लिए पत्नी ने प्रेमी और उसके साथी के साथ मिलकर खौफनाक योजना बनाई और उसे अंजाम तक पहुंचाया।

घटना पिपलौती कलां गांव की है, जहां रहने वाले 30 वर्षीय राजमिस्त्री मेहराज उर्फ मिराज की हत्या कर दी गई। शुरुआत में इस वारदात को लूट के दौरान हुई हत्या बताया गया, लेकिन पुलिस की जांच में जो सच्चाई सामने आई, वह कहीं ज्यादा डरावनी थी। इस पूरे मामले की मास्टरमाइंड कोई और नहीं, बल्कि खुद मृतक की पत्नी रूही निकली।
पुलिस के अनुसार, रूही का अपने रिश्तेदारी में लगने वाले युवक फरमान के साथ पहले से प्रेम संबंध था। दोनों शादी करना चाहते थे, लेकिन परिवार की मर्जी के चलते रूही की शादी मेहराज से कर दी गई। शादी के बाद भी रूही और फरमान के बीच संबंध बने रहे, जो धीरे-धीरे गहरे होते गए।
समय के साथ मेहराज को इन संबंधों का शक हो गया था। उसने इसका विरोध करना शुरू किया, जिससे घर में अक्सर विवाद होने लगे। हालात इतने बिगड़ गए कि रूही ने अपने पति के साथ रहने से ही इनकार कर दिया। परिवार के लोगों के मुताबिक, पिछले एक सप्ताह से दोनों के बीच लगातार झगड़े हो रहे थे और रूही मेहराज को खाना तक नहीं दे रही थी।
इसी बीच रूही ने अपने प्रेमी फरमान और उसके साथी अदनान के साथ मिलकर पति की हत्या की योजना बनाई। योजना के तहत पहले मेहराज को बेहोश करना था, ताकि बिना किसी विरोध के उसे मारा जा सके। घटना वाली रात रूही ने दूध में नींद की गोलियां मिलाकर अपने पति को पिला दीं। जब वह गहरी नींद में चला गया, तब तीनों ने मिलकर उसकी हत्या कर दी।
बताया जा रहा है कि मेहराज का गला चाकू से काटा गया। हत्या के बाद रूही ने पूरे मामले को लूट की घटना का रूप देने की कोशिश की। उसने पुलिस को बताया कि रात में कुछ अज्ञात लोग घर में घुसे, जिन्होंने गहने और मोबाइल लूट लिए और उसके पति की हत्या कर दी।
सुबह जब गांव के लोग और परिवार के सदस्य घर पहुंचे, तो रूही जोर-जोर से रोती हुई नजर आई। उसने अपने चेहरे को ढककर ऐसा दिखाने की कोशिश की जैसे वह इस घटना से बेहद सदमे में है। लेकिन पुलिस को उसकी कहानी पर शक हुआ और जब सख्ती से पूछताछ की गई, तो उसने सारा सच उगल दिया।
पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए रूही, उसके प्रेमी फरमान और उसके साथी अदनान को गिरफ्तार कर लिया। उनके पास से हत्या में इस्तेमाल किए गए हथियार और अन्य सबूत भी बरामद किए गए हैं। तीनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
इस घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी है। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि एक महिला अपने ही पति के खिलाफ इतनी खतरनाक साजिश रच सकती है। लोग इस बात से हैरान हैं कि रूही ने अपने रिश्ते को बचाने के लिए अपने ही परिवार को तबाह कर दिया।
इस वारदात का सबसे दर्दनाक पहलू यह है कि हत्या के समय मेहराज का पांच साल का बेटा भी उसी कमरे में सो रहा था। जब उसके पिता की हत्या की जा रही थी, तब वह मासूम अनजान होकर वहीं मौजूद था। सुबह जब उसकी आंख खुली, तो उसने अपने पिता को खून से लथपथ देखा। यह दृश्य उसके लिए जीवन भर का डर बन सकता है।
मेहराज की मौत के बाद उसके दोनों छोटे बच्चों का भविष्य अंधकार में चला गया है। बड़ा बेटा फरहान (5) और छोटा बेटा अली (3) अब ऐसी स्थिति में हैं, जहां उनके पास न पिता का सहारा है और न ही मां का साथ। मां जेल में है और पिता की हत्या हो चुकी है। ऐसे में उनका पालन-पोषण और भविष्य अब परिवार के अन्य सदस्यों पर निर्भर है।
परिवार के अनुसार, पति-पत्नी के बीच विवाद की शुरुआत कुछ दिन पहले ही हो गई थी। ईद के दिन हुए झगड़े के बाद दोनों के रिश्ते में दरार आ गई थी। इसके बाद स्थिति लगातार बिगड़ती चली गई और अंत में यह खौफनाक वारदात सामने आई।
यह घटना समाज के लिए एक गंभीर संदेश भी है। अवैध संबंध, आपसी अविश्वास और संवाद की कमी किस तरह एक परिवार को बर्बाद कर सकती है, यह इस घटना से साफ जाहिर होता है। एक गलत फैसला न केवल एक व्यक्ति की जान ले सकता है, बल्कि पूरे परिवार का भविष्य भी अंधकारमय बना सकता है।
पुलिस का कहना है कि मामले की जांच पूरी कर ली गई है और आरोपियों के खिलाफ पुख्ता सबूत जुटाए गए हैं। अब अदालत में इस मामले की सुनवाई होगी, जहां दोषियों को उनके अपराध के अनुसार सजा दी जाएगी।
फिलहाल गांव में इस घटना को लेकर गहरा शोक और आक्रोश है। लोग यही कह रहे हैं कि अगर समय रहते इस मामले को सुलझा लिया जाता, तो शायद आज एक परिवार उजड़ने से बच सकता था।



