हरियाणा

तरावड़ी में रहस्यमयी मौत: कुएं में दलदल में फंसा मिला मजदूर का शव, हादसा या साजिश—जांच जारी

हरियाणा के करनाल जिले के तरावड़ी कस्बे में एक मजदूर की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने पूरे इलाके को हिला कर रख दिया है। वार्ड-4 और वार्ड-5 के बीच स्थित एक पुराने कुएं से 42 वर्षीय सतपाल सिंह का शव बरामद हुआ। शव की स्थिति इतनी विचित्र थी कि शुरुआती तौर पर लोगों को लगा कि व्यक्ति की गर्दन कटी हुई है, जिससे इलाके में सनसनी फैल गई। हालांकि, पुलिस जांच में यह साफ हुआ कि गर्दन कटी नहीं थी, बल्कि कुएं के अंदर जमा दलदल में धंसी हुई थी। अब पुलिस इस मामले को हादसा मानने या हत्या की आशंका—दोनों पहलुओं से जांच कर रही है।

मृतक सतपाल सिंह, वार्ड-2 के पास गुरुद्वारे के नजदीक रहने वाले थे और पेशे से मजदूर थे। वह पास के एक हलवाई के यहां दिहाड़ी पर काम करते थे। परिवार के अनुसार, उनका काम ऐसा था कि वह कई बार दो-दो दिन तक घर नहीं लौटते थे, जिससे उनकी गैरमौजूदगी पर तुरंत शक नहीं होता था।

घटना का खुलासा बुधवार सुबह उस समय हुआ जब कुछ स्थानीय लोग कुएं की बाउंड्री के पास बैठे हुए थे। बातचीत के दौरान उनमें से एक की नजर अचानक कुएं के अंदर पड़ी। वहां एक शव दिखाई दिया, लेकिन गर्दन नजर नहीं आ रही थी। इस अजीब दृश्य ने वहां मौजूद लोगों को चौंका दिया और देखते ही देखते अफवाह फैल गई कि कुएं में गर्दन कटा शव पड़ा हुआ है।

कुछ ही मिनटों में बड़ी संख्या में लोग मौके पर इकट्ठा हो गए। माहौल में डर और जिज्ञासा दोनों का मिश्रण था। किसी ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। तरावड़ी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया। पुलिस ने भी शुरुआत में इस सूचना को गंभीरता से लिया, क्योंकि गर्दन कटा शव मिलने की बात बेहद संवेदनशील थी।

रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया गया और रस्सियों की मदद से शव को कुएं से बाहर निकाला गया। जब शव को ऊपर लाया गया, तब सच्चाई सामने आई। व्यक्ति की गर्दन कटी नहीं थी, बल्कि वह नीचे कीचड़ और दलदल में इस तरह धंसी हुई थी कि ऊपर से दिखाई नहीं दे रही थी। इस खुलासे के बाद लोगों ने राहत की सांस ली, लेकिन मौत का रहस्य अभी भी बरकरार था।

शव की पहचान सतपाल सिंह के रूप में की गई। पहचान होते ही पुलिस ने उनके परिवार को सूचना दी। कुछ ही देर में परिजन मौके पर पहुंचे और शव देखकर बेसुध हो गए। परिवार के लिए यह खबर किसी सदमे से कम नहीं थी।

सतपाल की पत्नी उषा ने बताया कि मंगलवार दोपहर वह अपने पति के साथ राशन लेने गई थीं। लौटते समय सतपाल ने उन्हें घर जाने को कहा और खुद कहीं और चले गए। उषा ने बताया कि उन्हें इस बात का अंदेशा नहीं था कि यह आखिरी मुलाकात होगी। उन्होंने यह भी कहा कि सतपाल अक्सर काम के सिलसिले में बाहर रहते थे, इसलिए उन्हें लगा कि वह इस बार भी काम पर गए होंगे और लौट आएंगे।

लेकिन अगली सुबह पुलिस का फोन आया और उन्हें बताया गया कि उनके पति का शव कुएं में मिला है। यह सुनते ही परिवार में मातम छा गया।

पुलिस जांच अधिकारी सुखविंद्र सिंह ने बताया कि जब सूचना मिली थी, तब कॉल करने वालों ने कहा था कि शव की गर्दन नहीं है। इस सूचना के आधार पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। लेकिन जब टीम ने मौके पर जांच की और शव को बाहर निकाला, तब स्थिति स्पष्ट हुई कि गर्दन दलदल में फंसी हुई थी।

अब सवाल यह उठता है कि सतपाल कुएं में कैसे पहुंचे? क्या यह महज एक हादसा था या इसके पीछे कोई साजिश छिपी हुई है? पुलिस इन दोनों पहलुओं पर जांच कर रही है।

हादसे की संभावना को देखते हुए यह माना जा रहा है कि सतपाल अंधेरे या असावधानी के कारण कुएं के पास पहुंचे होंगे और संतुलन बिगड़ने से उसमें गिर गए होंगे। कुएं के अंदर मौजूद दलदल में फंसने के कारण वह बाहर नहीं निकल पाए और दम घुटने या चोट लगने से उनकी मौत हो गई होगी।

वहीं, हत्या की आशंका को भी नजरअंदाज नहीं किया जा रहा। कुछ स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर यह हादसा होता, तो किसी न किसी को गिरते हुए जरूर दिखाई देता या कोई आवाज सुनाई देती। इसके अलावा, यह भी सवाल उठ रहा है कि सतपाल उस इलाके में आखिर क्यों गए, जहां उनका कोई खास काम नहीं था।

पुलिस ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया है और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है। साथ ही, सतपाल के पिछले कुछ दिनों के गतिविधियों की भी जांच की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वह किन लोगों के संपर्क में थे और उनकी दिनचर्या कैसी थी।

फिलहाल, शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के असली कारणों का पता चल सकेगा। यदि शरीर पर किसी तरह के चोट या संघर्ष के निशान मिलते हैं, तो हत्या की आशंका मजबूत हो सकती है। वहीं, अगर ऐसा कुछ नहीं मिलता, तो इसे हादसा माना जा सकता है।

इस घटना ने स्थानीय लोगों के मन में डर पैदा कर दिया है। लोग अब पुराने और खुले पड़े कुओं की सुरक्षा को लेकर सवाल उठा रहे हैं। उनका कहना है कि ऐसे स्थानों को ढंकने या सुरक्षित करने की जरूरत है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाएं न हों।

सतपाल की मौत ने उनके परिवार को गहरे संकट में डाल दिया है। वह परिवार के मुख्य कमाने वाले सदस्य थे और अब उनके जाने के बाद परिवार के सामने आर्थिक कठिनाइयां भी खड़ी हो गई हैं।

यह मामला अभी भी रहस्य बना हुआ है और पुलिस हर पहलू से जांच में जुटी है। पूरे इलाके की नजर अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट और पुलिस की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है। क्या यह एक दर्दनाक हादसा था या किसी साजिश का परिणाम—इस सवाल का जवाब आने वाले दिनों में सामने आएगा।

Join WhatsApp Channel Join Now
Subscribe and Follow on YouTube Subscribe
Follow on Facebook Follow
Follow on X-twitter Follow
Download from Google Play Store Download

Related Articles

Back to top button