
प्रेम विवाह की जिद बनी मौत की वजह: फतेहपुर में मां और भाई ने युवती की कर दी हत्या
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले से एक बेहद चौंकाने वाला और दर्दनाक मामला सामने आया है। यहां एक युवती का अपने प्रेमी से शादी करने पर अड़ना उसकी जिंदगी पर भारी पड़ गया। आरोप है कि परिवार की बदनामी के डर से युवती की मां और भाई ने मिलकर उसकी हत्या कर दी। पुलिस जांच में सामने आया कि पहले युवती को जहर पिलाया गया और जब वह तड़पने लगी तो उसका गला दबाकर हत्या कर दी गई। इसके बाद शव को खेत में फेंक दिया गया। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए आरोपी मां और बेटे को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

जानकारी के अनुसार यह मामला फतेहपुर जिले के एक गांव का है, जहां रहने वाले इमाम खान की 21 वर्षीय बेटी फरजाना की लाश दो मार्च को गांव के पास स्थित एक खेत में मिली थी। फरजाना का शव बोधन कुम्हार के चने के खेत में पड़ा मिला था। शव मिलने की खबर फैलते ही पूरे इलाके में सनसनी फैल गई थी और बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए थे।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी। शुरुआती जांच में पुलिस को यह मामला संदिग्ध लगा। हालांकि उस समय किसी ने भी स्पष्ट रूप से यह नहीं बताया कि युवती की मौत कैसे हुई। इसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया और मामले की जांच आगे बढ़ाई।
बताया जा रहा है कि फरजाना का एक युवक के साथ प्रेम संबंध था। युवक हिंदू समुदाय से था और दोनों एक-दूसरे से शादी करना चाहते थे। लेकिन युवती का परिवार इस रिश्ते के सख्त खिलाफ था। परिवार को डर था कि अगर फरजाना ने प्रेम विवाह किया तो समाज में उनकी बदनामी होगी।
पुलिस की जांच में यह भी सामने आया कि कुछ समय पहले फरजाना ने अपने प्रेम संबंध के चलते ट्रेन के सामने कूदकर आत्महत्या करने की कोशिश भी की थी। इस घटना के बाद गांव में काफी चर्चा हुई थी और परिवार को सामाजिक दबाव का सामना करना पड़ रहा था।
परिवार को लगने लगा था कि फरजाना के कारण उनकी इज्जत खराब हो रही है। इसी वजह से मां और भाई ने मिलकर एक खौफनाक साजिश रच डाली। पुलिस के अनुसार एक मार्च की रात मां और भाई फरजाना को किसी बहाने से घर से बाहर ले गए।
बताया गया कि वे उसे गांव के पास स्थित अरहर के खेत की तरफ ले गए। वहां पहले उसे सल्फास का घोल पिला दिया गया। सल्फास एक बेहद जहरीला पदार्थ होता है, जिसे अक्सर आत्महत्या या हत्या के मामलों में इस्तेमाल किया जाता है। जब फरजाना ने यह घोल पिया तो कुछ ही देर में उसकी हालत बिगड़ने लगी और वह तड़पने लगी।
पुलिस के मुताबिक उस समय भी फरजाना पूरी तरह मरी नहीं थी और वह छटपटा रही थी। तभी उसकी मां ने उसके हाथ-पैर पकड़ लिए ताकि वह भाग न सके। इसके बाद उसके भाई ने उसका गला दबा दिया, जिससे उसकी मौत हो गई।
हत्या के बाद मां और बेटे ने शव को वहां से हटाने की योजना बनाई। वे शव को करीब 150 मीटर दूर स्थित चने के खेत में ले गए और वहां फेंक दिया, ताकि मामला किसी और दिशा में चला जाए और उन पर शक न हो।
दो मार्च की सुबह जब खेत में लोगों की नजर शव पर पड़ी तो पूरे गांव में हड़कंप मच गया। लोगों ने तुरंत पुलिस को इसकी सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की और शव की पहचान फरजाना के रूप में हुई।
शुरुआत में पुलिस को शक था कि इस घटना में युवती के प्रेमी का हाथ हो सकता है। इसी शक के आधार पर पुलिस ने प्रेमी को हिरासत में लेकर उससे पूछताछ भी की। हालांकि जांच के दौरान उसके खिलाफ कोई ठोस सबूत नहीं मिला।
इसके बाद पुलिस ने मामले की जांच का दायरा बढ़ाया और फरजाना के परिवार के लोगों से भी पूछताछ शुरू की। पुलिस को उस समय भी कुछ शक हुआ जब युवती की मां अफसाना और भाई अफसार ने इस मामले में मुकदमा दर्ज कराने से इनकार कर दिया।
इसके बाद पुलिस ने तकनीकी जांच का सहारा लिया और मां तथा भाई के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) खंगाली। जांच में पता चला कि एक मार्च की रात से लेकर दो मार्च की सुबह तक मां और बेटे के बीच कई बार फोन पर बातचीत हुई थी।
इस जानकारी के आधार पर पुलिस का शक और गहरा हो गया। इसके बाद जब दोनों से सख्ती से पूछताछ की गई तो उन्होंने पूरी सच्चाई उगल दी। उन्होंने कबूल कर लिया कि फरजाना की हत्या उन्होंने ही की है।
थाना प्रभारी हनुमान प्रताप सिंह ने बताया कि आरोपी मां और बेटे को गिरफ्तार कर लिया गया है और दोनों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
इस घटना ने एक बार फिर समाज में सम्मान और बदनामी के नाम पर होने वाली हत्याओं की गंभीरता को उजागर कर दिया है। एक युवती जिसने सिर्फ अपने मनपसंद व्यक्ति से शादी करने की इच्छा जताई, उसे अपने ही परिवार के हाथों अपनी जान गंवानी पड़ी।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और सभी जरूरी साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं ताकि अदालत में आरोपियों के खिलाफ मजबूत केस पेश किया जा सके।



