
IND vs BAN U19: टॉस पर उठा विवाद, मैदान पर खत्म हुआ सस्पेंस! मैच के बाद भारत-बांग्लादेश खिलाड़ियों ने मिलाए हाथ, बीसीबी ने बताई पूरी सच्चाई
भारत और बांग्लादेश के बीच अंडर-19 विश्व कप मुकाबले में खेल से पहले ऐसा पल आया, जिसने क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी। टॉस के दौरान जब दोनों टीमों के कप्तान आपस में हाथ नहीं मिलाते दिखे, तो सोशल मीडिया से लेकर क्रिकेट गलियारों तक सवाल उठने लगे। कुछ ही पलों में यह मामला खेल भावना पर सवाल बन गया और एशिया कप के पुराने विवादों की याद ताजा हो गई।

हालांकि, जैसे-जैसे मुकाबला आगे बढ़ा, तस्वीर बदलती चली गई। मैच खत्म होते ही वही खिलाड़ी मैदान के बीच पहुंचे और एक-दूसरे से हाथ मिलाकर यह साफ संदेश दे दिया कि विवाद से बड़ा है क्रिकेट और खेल भावना।
टॉस के समय हाथ न मिलाने को लेकर बांग्लादेश क्रिकेट बोर्ड (बीसीबी) को सामने आकर सफाई देनी पड़ी। बोर्ड ने स्पष्ट किया कि यह घटना किसी भी तरह का अपमान नहीं थी। बीसीबी के मुताबिक, उपकप्तान जावेद अबरार से यह औपचारिकता अनजाने में छूट गई थी। दरअसल, नियमित कप्तान अजिजुल हकीम मैच से पहले अचानक बीमार हो गए थे, जिसके कारण अबरार को टॉस के लिए आगे आना पड़ा और इसी अफरा-तफरी में यह भूल हो गई।
मैदान पर भारत ने अपनी बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों से दबदबा दिखाया। बारिश से प्रभावित इस मुकाबले में भारतीय टीम ने पहले खेलते हुए 238 रन बनाए। अभिज्ञान कुंडू और वैभव सूर्यवंशी की दमदार अर्धशतकीय पारियों ने भारत को मजबूत स्थिति में पहुंचाया। जवाब में डकवर्थ-लुईस-स्टर्न नियम के तहत बांग्लादेश को 165 रनों का संशोधित लक्ष्य मिला, लेकिन टीम 146 रन पर सिमट गई।
भारतीय गेंदबाजों ने निर्णायक भूमिका निभाई। विहान मल्होत्रा ने चार विकेट झटककर बांग्लादेश की कमर तोड़ दी, जबकि खिलान पटेल को दो सफलताएं मिलीं। बांग्लादेश की ओर से कप्तान अजिजुल हकीम ने 51 रन बनाकर संघर्ष जरूर दिखाया, लेकिन टीम को जीत तक नहीं ले जा सके।
मैच खत्म होने के बाद जब दोनों टीमों के खिलाड़ी मुस्कुराते हुए हाथ मिलाते नजर आए, तो साफ हो गया कि शुरुआती विवाद सिर्फ एक गलतफहमी थी। बीसीबी ने भी दो टूक कहा कि खेल भावना और विरोधी टीम के प्रति सम्मान बांग्लादेश क्रिकेट की बुनियाद है और भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचने के लिए खिलाड़ियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं।
