
Karnal News: करनाल जिले की 30 जनवरी की बड़ी खबरें, पढ़िए एक क्लिक में
Karnal News: करनाल जिले की 30 जनवरी की बड़ी खबरें, पढ़िए एक क्लिक में
स्पीकर ने किया कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज का दौरा
निदेशक व फैकल्टी प्रमुखों के साथ बैठक
बिना ठोस कारण मरीजों को रेफर करने, उपेक्षापूर्ण व्यवहार पर जताई नाराजगी
तीन महीने का रिकॉर्ड मांगा, एक डॉक्टर का स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश
उपलब्ध संसाधनों का बेहतर इस्तेमाल करें-कल्याण
करनाल, 30 जनवरी। हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष हरविंद्र कल्याण ने आज यहां के कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज का दौरा किया। निदेशक व फैकल्टी प्रमुखों के साथ बैठक कर संस्थान की कार्यप्रणाली और कमियों की जानकारी ली। उन्होंने बिना ठोस कारण मरीजों को रेफर करने और रोगियों के प्रति डॉक्टरों के उपेक्षापूर्ण व्यवहार पर नाराजगी जताई। साथ ही डॉक्टरों से अनुरोध किया कि उपलब्ध संसाधनों को बेहतर इस्तेमाल कर संस्थान को आगे बढ़ायें। श्री कल्याण ने कैजुअल्टी वार्ड में मरीजों से बातचीत कर मुहैया कराई जा रही चिकित्सा सेवाओं की जानकारी ली। उन्होंने तीन महीने में संस्थान में पहुंचे और रेफर किये गये मरीजों का ब्यौरा मांगा। एक डॉक्टर का स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश दिये।
विधानसभा अध्यक्ष ने आज कल्पना चावला मेडिकल कॉलेज के प्रशासनिक ब्लाक में संस्थान के निदेशक एमके गर्ग और फैकल्टी प्रमुखों के साथ बैठक की। इसमें उपायुक्त उत्तम सिंह, करनाल के विधायक जगमोहन आनंद, असंध के विधायक योगेंद्र राणा भी मौजूद रहे। निदेशक ने पावर प्रेजेंटेशन के माध्यम से जनप्रतिनिधियों को संस्थान की कार्यप्रणाली, भावी योजनाओं और समस्याओं से अवगत कराया। श्री कल्याण ने इस मौके पर कहा कि संस्थान के बारे में आज उन्हें पहली बार विस्तृत जानकारी प्राप्त हुई है। खाली पदों को भरने, नये उपकरण खरीदने, सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने, कानूनी सहायता प्रदान करने आदि ऐसे विषय हैं जिन पर नीतिगत फैसला राज्य सरकार को लेना है।
उन्होंने कहा कि जिम्मेदारियों के साथ चुनौतियां भी बढ़ती हैं लेकिन इनका सामना करते हुए आगे बढ़ना है। काम का बोझ सभी जगह है, इसके बावजूद कमियों से पार पाना है। सरकार ने संस्थान पर करोड़ों रुपये खर्च किये हैं। उन्होंने निदेशक को मरम्मत के लिये योजना बनाने के निर्देश दिये। डॉक्टरों से कहा कि वे टीम के रूप में बेहतर कार्य करें ताकि मरीजों को भी फायदा हो और संस्थान की छवि भी खराब न हो। संस्थान के रुतबे को बरकरार रखना सबकी जिम्मेदारी है।
मरीजों का ब्यौरा मांगा
श्री कल्याण ने निदेशक से 3 महीने में संस्थान में पहुंचे और रेफर किये गये मरीजों का ब्यौरा मांगा। यह बताने के भी निर्देश दिये कि मेडिकल कॉलेज में उपलब्ध बड़ी मशीनों/उपकरणों का कितना इस्तेमाल हो रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार ने इन पर लाखों रुपये खर्च किये हंै। विधानसभा अध्यक्ष ने कहा कि अक्सर लोग उन्हें बेवजह मरीज को रेफर करने की शिकायत करते हैं। बिना ठोस कारण के मरीज को रैफर नहीं किया जाना चाहिये। इस समय यह एक बड़ा मुद्दा है। उन्होंने कहा कि डॉक्टरों को आपात स्थिति में पहुंचे मरीज और रेफर किये जाने तक की अवधि में किये गये उपचार के ब्यौरे का उल्लेख भी करना चाहिये। सुविधाओं को पूरा इस्तेमाल करना डाक्टरों की नैतिक जिम्मेदारी है।
आयुष्मान कार्ड धारकों की जानकारी भी मांगी
उन्होंने संस्थान निदेशक से यह जानकारी भी प्रस्तुत करने को कहा कि विगत तीन माह में कितने आयुष्मान कार्ड धारक इलाज के लिये पहुंचे। कितनों को रेफर किया गया और कितनों का यहां सफल इलाज किया गया। श्री कल्याण ने कहा कि आयुष्मान कार्ड धारकों को भी रेफर करने की शिकायत मिली है, भविष्य में ऐसा नहीं होना चाहिये।
नोडल अधिकारी नियुक्त करने के निर्देश
स्पीकर ने संस्थान में एक नोडल अधिकारी नियुक्त करने के निर्देश भी दिये ताकि बेहतर संपर्क स्थापित हो सके। विधायक जगमोहन आनंद ने कहा कि अक्सर डाक्टर उनके फोन नहीं उठाते। इस पर स्पीकर ने निदेशक को यह सुनिश्चित करने को कहा कि भविष्य में नोडल अधिकारी जनप्रतिनिधियों के फोन जरूर उठायें।
मधुर व्यवहार जरूरी
उन्होंने कहा कि लोग डॉक्टरों को भगवान के रूप में देखते हैं। समाज में उनका सम्मानजनक स्थान है। मरीजों के प्रति उनका व्यवहार मधुर होना चाहिये। जन सेवा की जिम्मेदारी किस्मत वालों को मिलती है। चाहे जितना काम का बोझ हो, व्यवहार ऐसा हो जिससे कि समाज में अच्छा संदेश पहुंचे और मरीज पर भी अच्छा असर पड़े।
मरीजों से की बातचीत
बैठक के बाद स्पीकर व दोनों विधायक कैजुअल्टी वार्ड पहुंचे और मरीजों से बातचीत की। वार्ड में दाखिल रेखा(सालवन) ने बताया कि वह कल रात अस्पताल पहुंची। डाक्टर ने आज उन्हें रेफर करने के कह दिया। इस पर स्पीकर ने निदेशक को वार्ड में शिफ्ट करने के निर्देश दिये। मरीज गजानंद शर्मा की शिकायत पर उन्हें भी वार्ड में शिफ्ट करने के निर्देश दिये।
डॉक्टर का स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश
पानीपत का हषित नामक मरीज अपने नाना के साथ अस्पताल में इलाज के लिये पहुंचा। मरीज के नाना ने स्पीकर को कहा कि यहां कोई सुनवाई नहीं हो रही। डॉक्टर ने रेफर करने के लिए कह दिया। इस पर विधानसभा अध्यक्ष ने डॉक्टर अरुण का स्पष्टीकरण जारी करने के निर्देश संस्थान निदेशक को दिये।
इंजीनियरिंग विंग व नये उपकरणों की मांग
निदेशक ने स्पीकर से डॉक्टरों की कमी पूरी करने के साथ-साथ नये चिकित्सा उपकरण उपलब्ध कराने व इंजीनियरिंग विंग की स्थापना की भी मांग की। उन्होंने कहा कि विंग स्थापित होने से बिजली-पानी जैसी समस्याओं का आसानी से निपटारा हो सके। इस समय इन कार्यों का बोझ भी उन पर है। उन्होंने स्पीकर को उपलब्ध संसाधनों का बेहतर इस्तेमाल करने का भरोसा स्पीकर को दिलाया।
हर घर-हर गृहिणी योजना का लाभ लेने के लिए पात्र लाभार्थियों को पोर्टल पर पंजीकरण करवाना अनिवार्य : उत्तम सिंह
पात्र परिवार की महिला को 500 रुपये में मिलेगा गैस सिलेंडर।
करनाल, 30 जनवरी। उपायुक्त उत्तम सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व वाली राज्य सरकार द्वारा जनकल्याणकारी योजनाओं के तहत हर घर-हर गृहिणी योजना को लागू किया गया है। इस योजना के तहत अंत्योदय परिवारों को गैस सिलेंडर पर सब्सिडी देने का प्रावधान है। योजना का उद्देश्य प्रत्येक गृहणी को लकड़ी व कोयले आदि के चूल्हे से छुटकारा दिलाना तथा वातावरण को प्रदूषण से मुक्त बनाना भी है। योजना का प्रचार-प्रसार के क्रियान्वयन बारे खाद्य आपूर्ति विभाग को जरूरी निर्देश दिए जा चुके हैं।
उपायुक्त ने बताया कि जिला में तीन लाख 17 हजार 522 राशन कार्ड धारक है। हर घर-हर गृहणी योजना के लिए अब तक 94 हजार 792 ने अपना पंजीकरण करवा लिया है। उन्होंने बताया कि खाद्य, नागरिक आपूर्ति और उपभोक्ता मामले विभाग द्वारा अंत्योदय परिवारों को गैस सिलेंडर पर सब्सिडी दी जाएगी। सब्सिडी के लिए जिला के प्रत्येक गांव में डिपो होल्डर व गैस एजेंसियों आदि के माध्यम से जागरूक अभियान चलाया जा रहा है। विभाग द्वारा सीएससी सेंटर के माध्यम से गृहणियों के आवेदन करवाए जा रहे है ताकि इस योजना का लाभ ले सकें। उन्होंने बताया कि सब्सिडी 320 रुपए सभी पात्र परिवार की सबसे बड़ी महिला के बैंक खाते में डीबीटी के माध्यम से भेजी जाएगी और पात्र महिला को 500 रुपये में गैस सिलेंडर मिलेगा, महिला का बैंक खाता होना चाहिए। पात्र महिला को एक साल में 12 गैस सिलेंडर सब्सिडी पर मिलेगे। उन्होंने बताया कि इस योजना का लाभ लेने के लिए फैमिली आईडी यानी हरियाणा परिवार पहचान पत्र में वार्षिक आय 1.80 लाख से कम होनी चाहिए। बीपीएल राशन कार्ड, गुलाबी राशन, एएनाई कार्ड के सभी अंत्योदय परिवारों को इस योजना का लाभ दिया जाएगा। इसके लिए पात्र परिवार इपीडीएस डॉटहरियाणाफुडडॉटजीओवीडॉटइन पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
बॉक्स:- एक-एक पात्र परिवार का किया जाएगा पंजीकरण
उपायुक्त ने बताया कि हर घर-हर ग्रहणी योजना को लेकर राज्य सरकार द्वारा इपीडीएस डॉटहरियाणाफुडडॉटजीओवीडॉटइन पोर्टल लॉन्च किया गया है ताकि एक-एक पात्र परिवार को इस योजना का लाभ सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।
उन्होंने बताया कि गांव व वार्ड स्तर पर रोजाना कैंप लगाकर योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए। इस कार्य में ग्राम पंचायत आगे आकर अधिक से अधिक बीपीएल तथा एएवाई परिवारों का पंजीकरण करवाएं। इसके साथ ही उन्होंने पंजीकरण की प्रगति रिपोर्ट रोजाना प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं और कहा कि पंजीकरण के कार्य में अगर कोई कोताही पाई जाती है तो संबंधित अधिकारी-कर्मचारी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई अमल लाई जाएगी। उन्होंने कहा हर घर-हर गृहणी राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है। उन्होंने कहा कि योजना के तहत बीपीएल व एएवाई परिवारों को गैस सिलेंडर सब्सिडी हेतु पंजीकरण करवाया जा रहा है।
जिले की सभी स्कूलों की बसों को नियमित रूप से चैक करें अधिकारी, बस में होने चाहिए सभी दस्तावेज : उत्तम सिंह
हिट एण्ड रन मामलें मे संबंधित व्यक्ति व उसके परिवार को तय समय सीमा के अंदर मिलें मुआवजा
सडक़ सुरक्षा समिति की बैठक में अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा निर्देश
करनाल, 30 जनवरी। उपायुक्त उत्तम सिंह ने कहा कि जिलें के सभी स्कूलों की बसों को चैक किया जाए कि उनके पास सभी संबंधित दस्तावेज हो तथा चालक के पास मान्यता प्राप्त लाईसेंस हो, इसके लिए सभी एसडीएम अपने-अपने क्षेत्रों मे स्कूल बसों को नियमित रूप से चैक करें तथा उसकी रिपोर्ट उपायुक्त कार्यालय मे भेजेंगे।
उपायुक्त वीरवार को लघु सचिवालय के सभागार में सडक़ सुरक्षा समिति की बैठक को संबोधित कर रहें थे। उन्होंने कहा कि स्कूल बस के अंदर सीटों के हिसाब से बच्चे हो, यह भी चेक करना सुनिश्चित करें। उपायुक्त ने संबंधित एसडीएम को कहा कि जितनी भी ई-रिक्शा जिलें मे चल रही है उनके भी दस्तावेज चेक किए जाए। हिट एण्ड रन मामले में उन्होंने कहा कि गुड सेमेरिटन कानून के तहत संबंधित व्यक्ति व उसके परिवार को तय समय सीमा के अंदर मुआवजा राशि मिलनी चाहिए। उन्होंने बताया कि सडक़ दुर्घटना मे घायल व्यक्तियों की सहायता करने वाले व्यक्ति को उक्त कानून के तहत मिलने वाली 5 हजार रूपये की राशि के अलावा जिला प्रशासन द्वारा आगामी 15 अगस्त को सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने पुलिस विभाग तथा नगर निगम के अधिकारी को कहा कि जिलें की सभी ट्रेफिक लाईटस ठीक होनी चाहिए तथा सभी पर टाईमर होना चाहिए, इसकी रिपोर्ट उपायुक्त कार्यालय मे भेजें। एनएच के अधिकारियों को कहा कि नेशनल हाईवे पर जितने भी अवैध कट है उन्हें तुरन्त प्रभाव से बंद करें तथा उनकी एक रिर्पोट कार्यालय में भी भेजें।
उपायुक्त ने पुलिस विभाग के अधिकारियों को कहा कि जिलें में गठित मोबाइल टीम दिन में विभिन्न जगहों पर जाकर विदाउट सीट बेल्ट और तेज गति से चलाने वाले वाहन चालकों के चालान करें। उन्होंने इंजीनियरिग विंग के अधिकारियों को कहा कि जहां पर भी सडक़े टूटी हुई है या सडक़ों के बीच गड्डा है, उन्हें भी दुरुस्त किया जाए ताकि सडक़ दुर्घटनाओं में होने वाले हादसों में कमी लाई जा सके। आमजन भी यातायात नियमों की पालना करें, पुलिस का मकसद चालान काटना नहीं है, अपितु यातायात नियमों की पालना करते हुए सडक़ दुर्घटनाओं को रोकना है।
उपायुक्त ने पीडब्ल्यूडी के कार्यकारी अभियन्ता कहा कि गुढ़ा रोड़ वार्ड न0-10 नजदीक अनाज मंडी, इंद्री मे साईड रोड़ रिपेयर की जाए तथा असंध से मुंड़ रोड़ को भी रिपेयर करे। उन्होंने नगर निगम के कार्यकारी अभियन्ता को कहा कि पूर्ण सिंह एण्ड सन्स नजदीक नूर महल चौक के नजदीक जो सडक़ खराब है उसको रिपेयर किया जाए। गोगडीपुर पूल के नजदीक रामेश्वर लॉन्स के नजदीक रम्बल स्ट्रीप तथा स्पीड़ लीमिट बोडऱ् लगाए जाए। उन्होंने अधिकारियों को भी कहा कि रोड़ सेफटी से जुड़ा मामला उनके सज्ञान में आता है तो उस बिंदु को सडक़ सुरक्षा समिति के एजेंडों मे बैठक से पहले डलवाना सुनिश्चित करें ताकि उस समस्या का समाधान हो सकें।
बैठक में पुलिस अधीक्षक गंगाराम पूनिया ने कहा कि यातायात के नियम तोडऩे वालो के खिलाफ सख्त कारवाही की जाएगी। उन्होंने पुलिस विभाग के अधिकारियों को कहा कि जिलें मे यातायात की नियमो की अनुपालना सुनिश्चित करवाई जाएं। इस अवसर पर एसडीएम अनुभव मेहता,एसडीएम अशोक मुंजाल, एसडीएम राजेश सोनी, एसडीएम राहुल सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थें।
इस मौके पर आरटीए विजय देसवाल ने सभी बिंदुओं को पीपीटी के माध्यम से सभी के सामने रखा। उन्होंने बताया कि आरटीए विभाग द्वारा दिसंबर माह में ओवर लोडिग के 741 चालान किए गए। उन्होंने बताया कि इन चालानों से 1 करोड़ 31 लाख 13 हजार रुपये की राशि का जुर्माना किया गया। इसके अलावा पुलिस विभाग द्वारा दिसंबर माह मे 13 हजार 720 चालान किए गए और 24 लाख 49 हजार 600 रुपये की राशि वसूल किए गये। उन्होंने कहा कि आईडीटीआर के द्वारा दिसंबर तक 3144 लोगों को ट्रेनिंग दी गई है।
आरटीए विजय देसवाल ने बताया कि बैठक में कुल 24 एजेंडों को शामिल किया गया, जिनमें से 9 एजेंडों के कार्यों को पूरा किया जा चुका है तथा 15 एजेंडों के कार्यों से संबंधित उपायुक्त उत्तम सिंह ने आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिये। बैठक में शामिल नए एजेंडों से संबंधित कार्यों के बारे में कहा कि तय समय सीमा के अंदर इन कार्यों को पूरा करें।
जिला मुख्यालय/ उपमंडल स्तर प्रत्येक कार्य दिवस में समाधान शिविरों का आयोजन: उपायुक्त
समाधान शिविर में मौके पर हो रहा है शिकायतों का निपटारा
करनाल, 30 जनवरी। हरियाणा सरकार के निर्देशानुसार जिला में लघु सचिवालय सहित सभी उपमंडल कार्यालयों में प्रत्येक कार्य दिवस में समाधान शिविरों का आयोजन सुबह 10 बजे से दोपहर 12 बजे तक किया जा रहा है। इसी कड़ी में आज लघु सचिवालय के सभागार में उपायुक्त उत्तम सिंह की अध्यक्षता में समाधान शिविर का आयोजन किया गया। ऐसे ही शिविर संबंधित एसडीएम की अध्यक्षता में नीलोखेड़ी, इन्द्री, असंध और घरौंडा में भी आयोजित किए गए।
जिला स्तरीय समाधान शिविर में आई अधिकांश शिकायतों का मौके पर ही निदान कर दिया गया और शेष पर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश संबंधित अधिकारी को दिए गए। उपायुक्त ने बताया कि इन समाधान शिविरों में परिवार पहचान पत्र, प्रॉपर्टी आईडी, जमीन की रजिस्ट्री, शहरी निकाय विभाग से एनडीसी लेने, नक्शे की मंजूरी, पेंशन, राशन कार्ड एवं सार्वजनिक वितरण व्यवस्था, अपराध, बिजली-पानी संबंधी आदि शिकायतों का मौके पर ही निपटारा किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि वीरवार को करनाल के लघु सचिवालय में आयोजित समाधान शिविर में 3 शिकायत प्राप्त हुई। जिनमें से 2 शिकायतों का मौके पर ही समाधान कर दिया गया। जिनमे से अभी भी 1 शिकायत लंबित है। वहीं नीलोखेड़ी उपमंडल में 5 शिकायतें प्राप्त हुई। जिनका मौके पर ही समाधान कर दिया गया। इंद्री, घरौंड़ा, असंध उपमंडल में कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुर्इं।
करनाल, 30 जनवरी- करनाल के गाँव जाम्बा इफ़को करनाल द्वारा वृहद् किसान सभा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम मे बतौर अतिथिगण डॉ विवेक कुमार, विषय वस्तु विशेषज्ञ, कृषि व किसान कल्याण विभाग,करनाल , डॉ जसविन्द्र ,ए डी ओ कृषि व किसान कल्याण विभाग,करनाल, डॉ निरंजन सिंह (वरिष्ठ क्षेत्र प्रबंधक इफ़को करनाल),श्री मोहित, क्षेत्र अधिकारी, इफ़को करनाल, श्री प्रबल प्रताप सिंह, हैड( फ़िल्ड विपणन) हैड, एक्वाग्री प्रोसेसिंग प्राइवेट लिमिटेड,नई दिल्ली व श्री धनन्जय मणी,टी एम ई,इफ़को-एम सी,करनाल मौजूद रहे। डा निरंजन सिंह,वरि क्षेत्र प्रबन्धक, इफ़को करनाल ने इफको नैनो यूरिया प्लस व नैनों डी ए पी के महत्त्व के बारे में किसानों से विस्तार से चर्चा की । किसानो को खेती की नवीन तकनीकी के साथ-साथ इफको नैनो उर्वरक के लाभ के विषय में बताते हुए नैनो यूरिया प्लस व नैनो डीएपी प्रयोग करने की सलाह दी गई। किसानों को बताया कि नैनो डीएपी और नैनो यूरिया प्लस के प्रयोग से कम लागत में अधिक पैदावार ली जा सकती है व दानेदार यूरिया के प्रयोग से जो मृदा की उर्वरा शक्ति दिन प्रतिदिन घटती जा रही है उसको बचाया जा सकता है। उन्होने बताया की इफको नैनो यूरिया प्लस पर्यावरण के अनुकूल है और महत्वपूर्ण विकास चरणों में फसल की नाइट्रोजन आवश्यकता को पूरा करने के लिए उपयोग किया जाता है। यह सूक्ष्म पोषक तत्वों की दक्षता और उपलब्धता को बढ़ाता है। यह एक 45 किलो के बोरे के बराबर कार्य करती है व इसका प्रयोग फसलों पर स्प्रे के रूप में किया जाता है, इसलिए इसकी प्रयोग क्षमता परम्परागत यूरिया से अधिक है। उन्होने बताया की नैनो यूरिया जहा युरिया का विकल्प तो है पर साथ ही इससे पैदावार में बढोतरी होती है। नैनो डी ए पी के बारे में चर्चा करते हुए उन्होंने बताया की नैनो डी ए पी भी परंपरागत डीएपी का विकल्प है व यह भी फ़सलों की उत्पादकता बढ़ाने में कारगर है। नैनो डी ए पी परंपरागत डीएपी से सस्ता है। नैनो डीएपी 500 मी ली एक एकड में प्रयोग होता है, जो 250 मी ली मात्रा बीज (5 मी ली प्रति किलो बीज) या कंद, पनीरी, पौध (5 मी ली प्रति लीटर पानी) में इस्तेमाल होगा व बचा 250 मी ली 100 लिटर पानी में मिलाकर 30-35 दिन की फ़सल पर स्प्रे करना है। उन्होंने बताया कि इफको द्वारा नैनो उर्वरको के छिडकाव के लिये ड्रोन की सुविधा भी किसानों को उपलब्ध करवाई जा रही है जंहा किसान अपने खेत में ड्रोन से स्प्रे करवा सकते है । श्री मोहित ने जल विलय उर्वरक, सागरिका, जैव उर्वरकों की प्रयोग विधि, प्रयोग मात्रा आदि के बारे में जानकारी दी। श्री धनन्जय मणी ने इफ़को- एम.सी. के उत्पादों की जानकारी किसानों के साथ साझा की व वर्तमान में जो किसानों की गेहूं की फसल से संबंधित किसानों के समस्याओं पर चर्चा की और उनका समाधान किया । कृषि विभाग से डॉ विवेक कुमार ने कृषि विभाग की योजनाओं के बारे मे किसानों से विस्तार से चर्चा की। डॉ जसविन्द्र ने किसानो को मेरी फ़सल मेरा ब्यौरा पोर्टल के बारे मे जानकारी दी। श्री प्रबल प्रताप सिंह ने सागरिका उत्पाद के बारे मे विस्तार से चर्चा की। कार्यक्रम के अंत मे प्रश्नोतरी का आयोजन करकर किसानों को पुरुस्कार वितरित किये गये। कार्यक्रम मे गाँव जाम्बा के सरपंच श्री नरेश कुमार सहित किसान श्री मलखान, श्री राजकुमार, श्री जिले सिंह, श्री संजीब लम्बरदार समेत लगभग 150 किसानों ने भाग लिया।
मुख्यमंत्री विवाह शगुन योजना का लाभ लेने के लिए करें ऑनलाइन पंजीकरण : उत्तम सिंह
करनाल, 30 जनवरी। उपायुक्त उत्तम सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री विवाह शगुन योजना प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी योजना है। अब लाभार्थियों को विवाह के ऑनलाईन पंजीकरण करवाने के उपरान्त ही योजना का लाभ दिया जाएगा। इसके लिए लाभपात्र विवाहिता की शादी का ई-दिशा पोर्टल पर पंजीकरण होना अत्यंत आवश्यक है।
डीसी ने बताया कि मुख्यमंत्री विवाह शगुन योजना का लाभ लेने वाले परिवार को अपनी बेटी की शादी के 6 महीने पूरे होने से पहले ऑनलाइन पंजीकरण करवाना होगा। पंजीकरण करने उपरान्त ही विवाहित कन्या के माता-पिता को उक्त योजना का अनुदान दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि अनुसूचित एवं विमुक्त जाति के परिवार का नाम बीपीएल सूची में है तो उसको कन्या विवाह शगुन योजना के अंतर्गत 71 हजार रुपये का लाभ दिया जाएगा। सभी वर्गों की विधवाओं, बेसहारा महिला, अनाथ बच्चे, बीपीएल सूची में है या उनकी आय एक लाख 80 हजार रुपये से कम है तो उनको इस योजना में 51 हजार रुपये का अनुदान दिया जाएगा।
बी.पी.एल सूची में सामान्य या पिछड़े वर्ग के परिवार को 31 हजार रुपये का लाभ
डीसी ने बताया कि बी.पी.एल सूची में सामान्य या पिछड़े वर्ग के परिवार को 31 हजार रुपये का अनुदान मिलेगा। इसी तरह अनुसूचित वर्ग या विमुक्त जाति का परिवार बी.पी.एल सूची में नही है और जिनकी वार्षिक आय एक लाख 80 हजार रुपये से कम है, उनको 31 हजार रुपये का अनुदान दिया जाएगा। विवाहित युगल 40 प्रतिशत या इससे ज्यादा दिव्यांग है तो उन्हें 51 हजार रुपये और पति-पत्नी में से एक जन 40 प्रतिशत या इससे अधिक दिव्यांग है तो उसको 31 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।
विधायक जगमोहन आनंद ने रामनगर शिवपुरी में 20 लाख की लागत से बनने वाले प्रार्थना सभा हाल का किया शिलान्यास
करनाल, 30 जनवरी- करनाल के विधायक जगमोहन आनंद ने काछवा रोड पर स्थित रामनगर शिवपुरी में सत्संग एवं प्रार्थना सभा हाल के जीर्णोंद्धार कार्य का शिलान्यास किया। इस कार्य में 20 लाख रुपये खर्च आएगा। उन्होंने विधिवत रूप से इस जीर्णोद्धार कार्य का शुभारंभ किया।
इस मौके पर संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि करनाल शहर में तेजी से विकास कार्य हो रहे हैं। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल के मार्गदर्शन में निरंतर कोई न कोई बड़ी परियोजना करनाल वासियों को मिल रही है। बिना किसी भेदभाव के सर्वांगीण विकास हो रहा है। उन्होंने कहा कि करनाल की जनता ने उन्हें जो जिम्मेदारी दी है, उसे बखूबी निभाउंगा। हरियाणा विधानसभा में बुलंद तरीके से करनाल की जनता से जुड़ी आवाज उठाता रहूंगा।
विधायक जगमोहन आनंद ने कहा कि करनाल विधानसभा क्षेत्र से जुड़ी समस्याओं को समयबद्ध तरीके से दूर करना, उनका दायित्व है। करनाल विधानसभा क्षेत्र का कोई भी व्यक्ति अपनी समस्या लेकर उनके कैंप कार्यालय में आ सकता है। समस्या लिखित हो और उस पर उक्त व्यक्ति का नाम, पता व मोबाइल नंबर अवश्य हो ताकि बाद में उनसे संपर्क किया जा सके। इस मौके पर आदर्श सभा (रजि.) शिवपुरी, काछवा रोड, रामनगर के सभी पदाधिकारियों द्वारा उन्हें सम्मानित किया।
इस दौरान वरिष्ठ भाजपा नेता भगवानदास अग्गी, पूर्व मंडल अध्यक्ष अमर ठाकर, पूर्व सीनियर डिप्टी मेयर राजेश अग्गी, मंडल अध्यक्ष मोहित सचदेवा, दर्शनसिंह, अनूप भारद्वाज, जगदीश सभरवाल, प्रकाश मुंजाल, लेखराज पाहुजा, चंद्रगांधी, बीआर चोपड़ा, समीर खुराना व अन्य रामनगरवासी मौजूद रहे।
व्यावसायिक मार्गदर्शन सप्ताह के तहत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय डबरी में सेमिनार का आयोजन
करनाल 30 जनवरी। रोजगार विभाग हरियाणा द्वारा 27.जनवरी.2025 से 31 जनवरी 2025 तक व्यावसायिक मार्गदर्शन सप्ताह का आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में आज प्रायः: 10:00 बजे राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, डबरी, में रोजगार विभाग हरियाणा के आदेशानुसार व्यावसायिक मार्गदर्शन के अंतर्गत स्कूल के विद्यार्थियों को भविष्य में अपनाए जाने वाले कोर्स, प्रतियोगी परीक्षाओं बारे में सहायक रोजगार अधिकारी, मनोज कुमार द्वारा अपने विचारों को विद्यार्थियों के साथ साझा किया । सेमिनार में लगभग 110 विद्यार्थियों ने भाग लिया।
इस मौके पर सहायक रोजगार अधिकारी, मनोज कुमार ने कहा कि छात्रों को समय रहते अपने लक्ष्य को तय कर लेना चाहिए, इससे तैयारी करने में आसानी होगी। उनके द्वारा विद्यार्थियों को विभिन्न उच्च शिक्षा से संबंधित कोर्स व सरकारी सेवा में बेहतर सेवा देने बारे बहुत ही महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि बेहतर होगा कि 11वी 12वी क्लास से ही जिस फील्ड में जाना है, उसकी तैयारी शुरु कर दे। उन्होंने कहा है कि आज कल कई तरह के कॉन्पिटिशन होते रहते हैं उनमें हिस्सा ले, इससे तैयारी एजुकेशन लेवल का पता चलता रहेगा।
स्कूल प्रधानाचार्य लवलीन ने कहा है कि इस सम्बंध में कोई भी संदेह हो तो अपने अध्यापक से या अपने वरिष्ठ से बेझिझक सवाल करें।
इस अवसर पर स्कूल स्टाफ अमित शर्मा, मंडल रोजगार कार्यालय से सीमा, जगधीत मौजूद रहे
मेघा भंडारी की सामाजिक पहल: 210 दिव्यांग बच्चों को मिला सुनने का वरदान:-
करनाल, 30 जनवरी- हरियाणा श्रवण एवं वाणी निशक्त जन कल्याण समिति पंचकूला, हरियाणा के करनाल में माता प्रकाश कौर श्रवण एवं वाणी निशक्त जन कल्याण केंद्र में एक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें श्रवण एवं वाणी निशक्त जन कल्याण समिति की उपाध्यक्ष एवं चेयरपर्सन मेघा भंडारी ने शिरकत की। इस कार्यक्रम में, स्वरूप चैरिटेबल फाउंडेशन नई दिल्ली और इबरो प्राइवेट लिमिटेड तरावड़ी ने मिलकर दिव्यांग बच्चों के लिए सुनाई जांच शिविर कैंप लगाया।
इस कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण यह रहा कि 210 बच्चों को श्रवण यंत्र वितरित किए गए, जिससे उनकी सुनने की क्षमता में सुधार होगा। इस कार्यक्रम में कई गणमान्य व्यक्तियों ने भाग लिया, जिनमें फाउंडेशन के डायरेक्टर श्री ग्रहम कार्टर, सिटी मजिस्ट्रेट करनाल मोनिका जी, केंद्र के सहायक निदेशक श्री दिनेश जी,श्री मुनीष अरोड़ा, श्री यशपाल सिंह, श्री सुरेश पिलोई और सभी स्टाफ सदस्य शामिल थे।
यह कार्यक्रम न केवल दिव्यांग बच्चों के लिए मददगार साबित हुआ, बल्कि यह भी दर्शाता है कि समाज में ऐसे लोग और संगठन है जो जरूरतमंदों की मदद के लिए हमेशा तैयार रहते हैं।

