
हरियाणा में एक क्लिक से राहत: महिलाओं, किसानों और जरूरतमंदों के खातों में पहुंची करोड़ों की मदद
हरियाणा सरकार ने एक बार फिर राज्य के लाखों लोगों के जीवन में राहत की नई किरण जगाई है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने चंडीगढ़ में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम के दौरान कई जनकल्याणकारी योजनाओं की राशि डिजिटल माध्यम से सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में ट्रांसफर की। इस पहल के तहत महिलाओं, किसानों, बुजुर्गों और छात्रों सहित समाज के विभिन्न वर्गों को आर्थिक सहायता प्रदान की गई, जिससे सरकार की योजनाओं का असर जमीनी स्तर पर स्पष्ट रूप से दिखाई देता है।

कार्यक्रम के दौरान सबसे ज्यादा चर्चा ‘लाडो लक्ष्मी योजना’ की सातवीं किस्त को लेकर रही। इस योजना के अंतर्गत करीब 9 लाख 76 हजार महिलाओं को 205 करोड़ रुपये की राशि सीधे उनके खातों में भेजी गई। यह योजना महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के उद्देश्य से शुरू की गई थी और अब यह राज्य की प्रमुख योजनाओं में शामिल हो चुकी है। सरकार का मानना है कि महिलाओं की आर्थिक स्थिति मजबूत होने से परिवार और समाज दोनों को फायदा होता है।
इसके अलावा सरकार ने रसोई खर्च में राहत देने के लिए गैस सिलेंडर सब्सिडी भी जारी की। लगभग 11 लाख 23 हजार महिलाओं को 38 करोड़ 54 लाख रुपये की सहायता दी गई। लगातार बढ़ती महंगाई के बीच यह कदम आम लोगों के लिए बड़ी राहत लेकर आया है, क्योंकि घरेलू खर्चों में गैस सिलेंडर का महत्वपूर्ण हिस्सा होता है।
किसानों के लिए भी सरकार ने बड़ा फैसला लिया। खरीफ 2025 की फसल में नुकसान झेलने वाले किसानों को मुआवजा देने की घोषणा पहले ही की जा चुकी थी, और अब उस पर अमल करते हुए 1 लाख 50 हजार 583 किसानों के खातों में 370 करोड़ 52 लाख रुपये की राशि ट्रांसफर की गई। प्राकृतिक आपदाओं और मौसम की अनिश्चितता के चलते किसानों को अक्सर भारी नुकसान उठाना पड़ता है, ऐसे में सरकार की यह सहायता उनके लिए संबल का काम करती है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने एक नई डिजिटल सुविधा की भी शुरुआत की, जो किसानों के लिए बेहद उपयोगी साबित होगी। अब किसानों को अपनी फसल का ‘जे-फॉर्म’ लेने के लिए मंडियों या आढ़तियों के पास नहीं जाना पड़ेगा। यह फॉर्म सीधे उनके व्हाट्सऐप पर उपलब्ध कराया जाएगा। इससे न केवल किसानों का समय बचेगा, बल्कि प्रक्रिया में पारदर्शिता भी बढ़ेगी और किसी तरह की अनियमितता की गुंजाइश कम होगी।
सरकार ने गेहूं खरीद के आंकड़े भी साझा किए। जानकारी के अनुसार अब तक 82 लाख 55 हजार मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की जा चुकी है और इसके बदले किसानों को 16,481 करोड़ रुपये का भुगतान किया गया है। यह दिखाता है कि सरकार किसानों के प्रति अपनी जिम्मेदारी को गंभीरता से निभा रही है और उन्हें समय पर भुगतान सुनिश्चित कर रही है।
सामाजिक सुरक्षा के क्षेत्र में भी सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। 18 अलग-अलग पेंशन योजनाओं के तहत 35 लाख 62 हजार लाभार्थियों को 1146 करोड़ 73 लाख रुपये की राशि दी गई। इनमें बुजुर्ग, विधवा महिलाएं, दिव्यांगजन और अन्य जरूरतमंद शामिल हैं। इस सहायता से इन लोगों को अपने दैनिक जीवन में आर्थिक सुरक्षा मिलती है और वे सम्मान के साथ जीवन जी सकते हैं।
शिक्षा के क्षेत्र में भी सरकार ने विशेष ध्यान दिया है। अनुसूचित जाति (SC) और पिछड़ा वर्ग (BC) के 64,923 छात्रों को 100 करोड़ 45 लाख रुपये की छात्रवृत्ति प्रदान की गई। यह पहल उन छात्रों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है, जो आर्थिक तंगी के कारण अपनी पढ़ाई पूरी नहीं कर पाते। इस तरह की सहायता उन्हें आगे बढ़ने और अपने सपनों को पूरा करने का अवसर देती है।
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने अपने संबोधन में कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य हर वर्ग तक विकास का लाभ पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि डिजिटल माध्यम से सीधे खातों में पैसा ट्रांसफर करने से पारदर्शिता बढ़ी है और बिचौलियों की भूमिका खत्म हुई है। इससे यह सुनिश्चित होता है कि सहायता राशि सही व्यक्ति तक सही समय पर पहुंचे।
उन्होंने यह भी कहा कि सरकार भविष्य में और भी ऐसी योजनाएं लाएगी, जो आम जनता के जीवन स्तर को बेहतर बनाएंगी। खासकर महिलाओं के सशक्तिकरण, किसानों की आय में वृद्धि और गरीब वर्ग के कल्याण पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
यह पूरा कार्यक्रम इस बात का प्रमाण है कि हरियाणा सरकार समाज के हर वर्ग की जरूरतों को समझते हुए योजनाएं बना रही है और उन्हें प्रभावी तरीके से लागू भी कर रही है। एक ही मंच से करोड़ों रुपये की राशि वितरित करना न केवल प्रशासनिक दक्षता को दर्शाता है, बल्कि सरकार की प्रतिबद्धता को भी उजागर करता है।
अंत में कहा जा सकता है कि यह पहल सिर्फ आर्थिक सहायता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह लोगों के जीवन में स्थिरता और विश्वास लाने का प्रयास भी है। महिलाओं को सशक्त बनाना, किसानों को सुरक्षित करना और जरूरतमंदों को सहारा देना—इन सभी प्रयासों से हरियाणा विकास की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। आने वाले समय में इन योजनाओं का सकारात्मक प्रभाव और भी व्यापक रूप से देखने को मिलेगा।

