
बारात की खुशियों में खून-खराबा: भिवानी में शादी के घर हमला, एक की मौत से मचा कोहराम
हरियाणा के भिवानी जिले के गांव बलियाली में एक खुशहाल शादी समारोह उस समय दर्दनाक त्रासदी में बदल गया, जब कुछ युवकों ने घर में घुसकर बारातियों पर हमला कर दिया। इस हमले में एक व्यक्ति की जान चली गई, जबकि एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। इस घटना ने न केवल पीड़ित परिवार बल्कि पूरे गांव को गहरे सदमे में डाल दिया है।

मिली जानकारी के अनुसार, बवानी खेड़ा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले आदर्श महाग्राम बलियाली में एक परिवार में शादी का कार्यक्रम चल रहा था। घर में चारों ओर खुशी और उत्सव का माहौल था। रिश्तेदार और मेहमान दूर-दूर से इस खुशी में शामिल होने आए थे। लेकिन किसी को यह अंदेशा नहीं था कि यह जश्न कुछ ही समय में मातम में बदल जाएगा।
बताया जा रहा है कि मंगलवार को रोहित नाम के युवक की शादी थी। बारात के दौरान कुछ स्थानीय युवकों ने नशे में धुत होकर बदतमीजी की थी। उस समय घर के लोगों और अन्य ग्रामीणों ने मामले को शांत करने की कोशिश की और उन युवकों को समझाकर वहां से वापस भेज दिया गया। ऐसा लगा कि मामला खत्म हो गया है, लेकिन यह शांति सिर्फ दिखावटी साबित हुई।
अगले दिन बुधवार को जब परिवार के सदस्य दूल्हा-दुल्हन को मंदिर लेकर गए हुए थे, तब घर में कुछ लोग आराम कर रहे थे। इसी दौरान करीब 6 से 7 युवक अचानक घर में घुस आए और सो रहे लोगों पर हमला बोल दिया। हमलावरों के हाथों में लाठी-डंडे थे और उन्होंने बिना किसी चेतावनी के बेरहमी से मारपीट शुरू कर दी।
इस हमले में उत्तराखंड निवासी 45 वर्षीय राकेश गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके साथ दिनेश नाम का युवक भी बुरी तरह जख्मी हुआ। दोनों ही शादी में शामिल होने के लिए आए हुए थे और घटना के समय घर में सो रहे थे। अचानक हुए इस हमले से पूरे घर में चीख-पुकार मच गई और आसपास के लोग भी शोर सुनकर मौके पर पहुंचने लगे।
बताया जाता है कि एक अन्य युवक ने बीच-बचाव करने की कोशिश की, लेकिन हमलावरों ने उसे भी नहीं छोड़ा और उसे भी पीट दिया। हमला करने के बाद सभी आरोपी मौके से फरार हो गए, जिससे गांव में दहशत फैल गई।
घटना के तुरंत बाद घायलों को एंबुलेंस की मदद से भिवानी के अस्पताल ले जाया गया। वहां डॉक्टरों ने जांच के बाद राकेश को मृत घोषित कर दिया, जबकि दिनेश का इलाज जारी है और उसकी हालत गंभीर बनी हुई है।
मृतक राकेश अपने परिवार का एकमात्र सहारा था। वह चार बच्चों के पिता थे और उनकी कमाई से ही पूरे परिवार का गुजारा चलता था। उनकी अचानक मौत से परिवार पूरी तरह टूट गया है। पत्नी मुन्नी और मां परागों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार ने साफ शब्दों में कहा है कि जब तक उन्हें न्याय नहीं मिलेगा, वे शव का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे।
घायल दिनेश ने घटना के बारे में बताया कि वे सभी शादी के बाद आराम कर रहे थे, तभी अचानक 6-7 युवक घर में घुस आए और हमला शुरू कर दिया। उन्होंने बताया कि हमलावरों ने किसी भी तरह की बातचीत का मौका नहीं दिया और सीधे लाठी-डंडों से मारपीट शुरू कर दी। दिनेश ने पुलिस से जल्द कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की है।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और परिजनों के बयान दर्ज किए। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है।
भिवानी के पुलिस अधीक्षक सुमित कुमार ने बताया कि आरोपियों को पकड़ने के लिए विशेष टीम का गठन किया गया है और जल्द ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस आसपास के क्षेत्रों में दबिश दे रही है और संदिग्धों से पूछताछ भी की जा रही है।
प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि बारात के दौरान हुई कहासुनी ही इस हमले की मुख्य वजह हो सकती है। हालांकि पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है ताकि सच्चाई पूरी तरह सामने आ सके।
इस घटना के बाद पूरे गांव में डर और गुस्से का माहौल है। लोग इस तरह की हिंसा से आक्रोशित हैं और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। शादी का घर, जहां कुछ समय पहले तक गीत-संगीत और हंसी-खुशी का माहौल था, अब वहां सन्नाटा और मातम पसरा हुआ है।
यह घटना समाज के लिए एक चेतावनी भी है कि छोटी-छोटी बातों पर हिंसा का रास्ता अपनाना कितना घातक हो सकता है। एक मामूली विवाद ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं और कई जिंदगियों को हमेशा के लिए बदल दिया।
फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
भिवानी की इस दर्दनाक घटना ने हर किसी को सोचने पर मजबूर कर दिया है कि आखिर कब तक ऐसी घटनाएं होती रहेंगी। अब सबकी नजर पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हुई है और उम्मीद की जा रही है कि पीड़ित परिवार को जल्द न्याय मिलेगा।

