
फतेहाबाद मुठभेड़: लूट और फायरिंग कांड के दो और आरोपी गिरफ्तार
फतेहाबाद जिले के टोहाना शहर में ड्राई फ्रूट व्यापारी से लूट और फायरिंग की सनसनीखेज वारदात का पुलिस ने तेजी से खुलासा कर दिया है। सीआईए टोहाना की टीम ने साहसिक कार्रवाई करते हुए दो मुख्य आरोपियों को मुठभेड़ के बाद काबू कर लिया। पकड़े जाने से पहले दोनों बदमाशों ने पुलिस टीम पर फायरिंग की, जिसके जवाब में हुई कार्रवाई में वे घायल हो गए। फिलहाल दोनों का अस्पताल में इलाज चल रहा है और पुलिस आगे की जांच में जुटी है।

यह पूरी घटना 4 फरवरी की शाम की है, जब डांगरा रोड स्थित गौरव ट्रेडिंग कंपनी पर तीन बाइक सवार बदमाश अचानक पहुंचे। उस समय दुकान पर रोजाना की तरह कारोबार चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, तीनों युवकों ने आते ही पिस्तौल निकाल ली और दुकानदार धीरज मेहता को निशाना बनाते हुए नकदी की मांग की। बदमाशों के हाथों में हथियार देखकर दुकान में मौजूद लोग घबरा गए। आरोपियों ने करीब 1.50 लाख रुपये नकद लूट लिए और जाते-जाते दुकान की ओर फायरिंग भी की।
घटना यहीं खत्म नहीं हुई। बदमाशों ने जाते समय धमकी भी दी कि वे अगले दिन फिर आएंगे। इस दौरान दुकान के बाहर काम कर रहे एक कर्मचारी के साथ मारपीट भी की गई। आरोपियों ने उसे पिस्तौल की बट से मारा, जिससे वह घायल हो गया। इस पूरी वारदात ने आसपास के व्यापारियों और स्थानीय लोगों में दहशत फैला दी। बाजार में कुछ समय के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया और व्यापारियों ने सुरक्षा को लेकर चिंता जताई।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आ गई। फतेहाबाद पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर तुरंत चार टीमें गठित की गईं। सीसीटीवी फुटेज खंगाले गए और आसपास के इलाकों में नाकाबंदी कर दी गई। पुलिस ने तकनीकी सर्विलांस और मुखबिर तंत्र की मदद से आरोपियों की पहचान करने की दिशा में काम शुरू किया। शुरुआती जांच में पुलिस ने एक आरोपी उदित सैनी को गिरफ्तार कर लिया था। बताया जाता है कि वह भागने की कोशिश में घायल हो गया था और उसे भी उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया था।
उदित से पूछताछ के बाद पुलिस को अन्य आरोपियों के ठिकानों की अहम जानकारी मिली। इसी आधार पर सीआईए टोहाना की टीम ने मोनू उर्फ मोनी और कमल उर्फ बच्ची की तलाश तेज कर दी। शुक्रवार को पुलिस को सूचना मिली कि दोनों आरोपी शहर के बाहरी इलाके में देखे गए हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने इलाके की घेराबंदी कर दी।
पुलिस के अनुसार, जब टीम ने आरोपियों को घेरने की कोशिश की तो उन्होंने आत्मसमर्पण करने के बजाय पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। अचानक हुई गोलीबारी से स्थिति तनावपूर्ण हो गई। पुलिस ने आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान चली गोलियों में दोनों आरोपियों के पैर में गोली लगी और वे घायल होकर गिर पड़े। इसके बाद पुलिस ने उन्हें मौके पर ही काबू कर लिया।
घायल आरोपियों को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। डॉक्टरों के मुताबिक, दोनों की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है। पुलिस ने उनके कब्जे से हथियार भी बरामद किए हैं, जिनका फोरेंसिक परीक्षण कराया जाएगा। इसके अलावा लूटी गई नकदी और घटना में प्रयुक्त बाइक की बरामदगी के प्रयास भी जारी हैं।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि इस वारदात की योजना पहले से बनाई गई थी। आरोपी दुकान की गतिविधियों पर नजर रखे हुए थे और उन्हें अंदाजा था कि शाम के समय नकदी अधिक रहती है। इसी का फायदा उठाकर उन्होंने घटना को अंजाम दिया। हालांकि पुलिस की त्वरित कार्रवाई और तकनीकी जांच के चलते आरोपियों को ज्यादा समय तक फरार रहने का मौका नहीं मिला।
स्थानीय व्यापार मंडल ने पुलिस की इस कार्रवाई की सराहना की है। व्यापारियों का कहना है कि इस तरह की घटनाओं से बाजार में असुरक्षा का माहौल बन जाता है, लेकिन आरोपियों की गिरफ्तारी से विश्वास बहाल हुआ है। साथ ही उन्होंने बाजार क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ाने और सीसीटीवी नेटवर्क को और मजबूत करने की मांग भी की है।
फतेहाबाद पुलिस ने स्पष्ट किया है कि जिले में अपराध पर नियंत्रण उनकी प्राथमिकता है और किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। पुलिस अब इस मामले में अन्य संभावित सहयोगियों की भी जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपियों का कोई आपराधिक इतिहास रहा है या वे किसी बड़े गिरोह से जुड़े हैं।
फिलहाल तीनों आरोपियों को पुलिस रिमांड पर लेने की तैयारी की जा रही है ताकि उनसे गहन पूछताछ की जा सके। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ में और भी महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं, जिससे जिले में सक्रिय आपराधिक नेटवर्क पर लगाम लगाने में मदद मिलेगी।
इस पूरी कार्रवाई ने यह साफ कर दिया है कि कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस पूरी तरह सतर्क है। टोहाना में हुई इस मुठभेड़ और गिरफ्तारी ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि अपराध करने वालों को देर-सवेर कानून के शिकंजे में आना ही पड़ता है।

