
प्रेम प्रसंग बना मौत की वजह, डिलीवरी बॉय की हत्या कर संदूक में छिपाया शव
गुरुग्राम के सेक्टर-53 थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज हत्या का मामला सामने आया है, जहां एक डिलीवरी बॉय की बेरहमी से हत्या कर उसके शव को लोहे के संदूक में छिपा दिया गया। इस घटना ने इलाके में दहशत फैला दी है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मृतक की लिव-इन पार्टनर से भी गहन पूछताछ जारी है।

पुलिस जांच में सामने आया है कि यह हत्या किसी लूट या दुश्मनी का परिणाम नहीं, बल्कि प्रेम संबंधों में पैदा हुए विवाद का नतीजा है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान बिहार के सहरसा निवासी मोहम्मद मिराज और मुजफ्फरपुर निवासी सोनू कुमार के रूप में हुई है। दोनों आरोपी करीब 20 वर्ष के हैं और बंजारा मार्केट के पास ही झुग्गियों में रहते थे।
मृतक युवक की पहचान 24 वर्षीय अमन के रूप में हुई है, जो पेशे से डिलीवरी बॉय था और गुरुग्राम में रहकर काम करता था। वह अपनी लिव-इन पार्टनर सुनीता के साथ बंजारा मार्केट की झुग्गी में रहता था। बताया जा रहा है कि कुछ समय से सुनीता और आरोपी सोनू कुमार के बीच नजदीकियां बढ़ने लगी थीं, जो बाद में अवैध संबंधों में बदल गईं।
धीरे-धीरे इस रिश्ते की जानकारी अमन को हो गई, जिसके बाद घर में तनाव और विवाद की स्थिति बनने लगी। पुलिस के अनुसार, सोनू कुमार को इस बात का डर सताने लगा था कि अमन उसके खिलाफ कोई कठोर कदम उठा सकता है या उसे नुकसान पहुंचा सकता है। इसी डर और अपने रिश्ते को बचाने की चाह में उसने एक खौफनाक साजिश रच डाली।
सोनू कुमार ने अपने साथी मोहम्मद मिराज को इस योजना में शामिल किया। दोनों ने मिलकर अमन को रास्ते से हटाने का फैसला किया। एक दिन मौका देखकर दोनों आरोपियों ने अमन को काबू में कर लिया। हत्या के दौरान एक आरोपी ने उसके पैर पकड़ लिए, जबकि दूसरे ने उसका गला दबा दिया। कुछ ही मिनटों में अमन की मौत हो गई।
हत्या के बाद आरोपियों ने शव को छिपाने के लिए उसे झुग्गी में रखे एक लोहे के संदूक में बंद कर दिया, ताकि किसी को इस घटना की भनक न लगे। उन्होंने सोचा कि इस तरह वे आसानी से पुलिस और आसपास के लोगों की नजरों से बच जाएंगे, लेकिन उनकी यह चाल ज्यादा समय तक नहीं चल सकी।
26 अप्रैल को पुलिस को सूचना मिली कि बंजारा मार्केट की झुग्गियों में एक संदिग्ध स्थिति है और संभवतः हत्या हुई है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची। झुग्गी के पास पहुंचते ही पुलिस को तेज दुर्गंध महसूस हुई, जिससे शक और गहरा गया। जब झुग्गी की तलाशी ली गई तो एक लोहे के संदूक में युवक का शव बरामद हुआ।
शव की पहचान अमन के रूप में की गई। उसकी हालत देखकर यह साफ हो गया कि हत्या कुछ समय पहले की गई थी और शव को छिपाने की कोशिश की गई थी। मौके पर फॉरेंसिक टीम और फिंगरप्रिंट विशेषज्ञों को बुलाया गया, जिन्होंने घटनास्थल से अहम साक्ष्य जुटाए।
जांच के दौरान एक और चौंकाने वाला तथ्य सामने आया। मृतक के भाई ने पुलिस को बताया कि उसे अमन की लिव-इन पार्टनर सुनीता ने फोन करके बताया था कि अमन की हत्या कर दी गई है और उसका शव संदूक में रखा है। इस सूचना के बाद परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी।
पुलिस ने तुरंत केस दर्ज कर जांच शुरू की और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर दोनों आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में दोनों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया और पूरी साजिश का खुलासा कर दिया।
वहीं, इस पूरे मामले में सुनीता की भूमिका भी संदेह के घेरे में है। पुलिस प्रवक्ता एएसआई संदीप के अनुसार, सुनीता से लगातार पूछताछ की जा रही है। यदि जांच में उसकी संलिप्तता पाई जाती है, तो उसे भी गिरफ्तार किया जाएगा। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं पर बारीकी से जांच कर रही है।
यह घटना समाज के लिए एक गंभीर चेतावनी है कि रिश्तों में बढ़ता अविश्वास और अवैध संबंध किस तरह खतरनाक मोड़ ले सकते हैं। एक मामूली विवाद और डर ने एक युवा की जान ले ली और कई परिवारों की खुशियां छीन लीं।
पुलिस अब आरोपियों को अदालत में पेश कर रिमांड पर लेने की तैयारी कर रही है, ताकि इस मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा सके। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस साजिश में और कोई व्यक्ति शामिल तो नहीं था।
इस दिल दहला देने वाली घटना ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि अपराध का रास्ता कभी भी समस्या का समाधान नहीं हो सकता। रिश्तों में संवाद और समझदारी की कमी कई बार ऐसी दुखद घटनाओं को जन्म दे देती है, जिनका खामियाजा पूरी जिंदगी भुगतना पड़ता है।

