
दुकान विवाद में भाजपा नेता पर जानलेवा हमला, गोली मारने के बाद चाकुओं से किया वार
कानपुर के रावतपुर थानाक्षेत्र में मंगलवार देर रात एक सनसनीखेज वारदात ने शहर को झकझोर कर रख दिया। छपेड़ा पुलिया के पास दुकान को लेकर चल रही पुरानी रंजिश में भाजपा युवा मोर्चा के पूर्व जिला उपाध्यक्ष सोनू राठौर पर जानलेवा हमला कर दिया गया। हमलावरों ने पहले उनकी पीठ पर गोली मारी और उसके बाद चाकुओं से कई वार किए। गंभीर हालत में उन्हें हैलट अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी स्थिति नाजुक बताई जा रही है। घटना का सीसीटीवी फुटेज भी सामने आया है, जो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

देर रात घात लगाकर किया हमला
जानकारी के मुताबिक सोनू राठौर नवाबगंज क्षेत्र के सिग्नेचर सिटी के पास रहते हैं और छपेड़ा पुलिया पर उनकी पूजन सामग्री की दुकान है। मंगलवार रात वह रावतपुर क्षेत्र में एक शादी समारोह में शामिल होने गए थे। देर रात करीब एक बजे जब वह समारोह से लौट रहे थे और अपनी दुकान के पास से गुजर रहे थे, तभी पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने उन्हें घेर लिया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हमलावरों ने पहले सोनू राठौर के साथ मारपीट शुरू की। इसके बाद एक आरोपी ने उनकी पीठ पर गोली चला दी। गोली लगते ही वह जमीन पर गिर पड़े, लेकिन हमलावर यहीं नहीं रुके। उन्हें गंभीर रूप से घायल करने और जान से मारने की नीयत से पेट में चाकुओं से ताबड़तोड़ वार किए गए। पुलिस के अनुसार उनके शरीर पर सात से आठ चाकू के घाव पाए गए हैं।
पुरानी रंजिश बनी हमले की वजह
पुलिस जांच में सामने आया है कि दोनों पक्षों के बीच दुकान को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। आरोप है कि इसी रंजिश के चलते यह हमला किया गया। नामजद आरोपियों में साजन उर्फ रोहित, बाबा लाइट और अभिषेक शामिल बताए जा रहे हैं। इनके साथ अन्य सहयोगियों के भी शामिल होने की आशंका है।
एडीसीपी कपिल देव सिंह ने बताया कि प्राथमिक जांच में मामला आपसी विवाद से जुड़ा प्रतीत हो रहा है। घटना के तुरंत बाद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए चार अलग-अलग पुलिस टीमें गठित की गई हैं। संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर हमलावरों की पहचान की जा रही है।
सीसीटीवी फुटेज ने खोले राज
घटना स्थल के पास लगे सीसीटीवी कैमरों में पूरी वारदात कैद हो गई। फुटेज में साफ दिखाई दे रहा है कि कुछ युवक सोनू राठौर को घेरकर पहले धक्का-मुक्की करते हैं और फिर हमला कर देते हैं। गोली चलने और चाकू से वार करने की घटना भी रिकॉर्ड हुई है। यही फुटेज सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिससे शहर में सनसनी फैल गई।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फुटेज जांच का अहम साक्ष्य है और इसके आधार पर आरोपियों की गिरफ्तारी जल्द की जाएगी।
अस्पताल में नाजुक हालत
हमले के बाद घायल सोनू राठौर को तुरंत पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से हैलट अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टरों के अनुसार गोली पीठ में लगी है और चाकू के कई घाव गंभीर हैं। उनकी हालत फिलहाल नाजुक बनी हुई है और उन्हें गहन चिकित्सा कक्ष में रखा गया है।
घटना की सूचना मिलते ही अस्पताल के बाहर भाजपा नेताओं और समर्थकों की भीड़ जुट गई। माहौल तनावपूर्ण होने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने अतिरिक्त बल तैनात कर दिया है, ताकि किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति न उत्पन्न हो।
राजनीतिक हलचल तेज
हमले की खबर मिलते ही शहर के भाजपा नेताओं में रोष व्याप्त हो गया। कई स्थानीय नेता और कार्यकर्ता अस्पताल पहुंच गए और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग करने लगे। नेताओं का कहना है कि खुलेआम गोली और चाकू से हमला होना कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करता है।
इस बीच भारतीय जनता पार्टी के स्थानीय पदाधिकारियों ने प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर कड़ी सजा दी जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।
पुलिस की कार्रवाई जारी
घटनास्थल पर डीसीपी पश्चिम एसएम कासिम आबिदी भी पहुंचे और जांच का जायजा लिया। पुलिस ने आसपास के इलाकों में सघन तलाशी अभियान चलाया है। आरोपियों के घरों पर दबिश दी जा रही है, हालांकि समाचार लिखे जाने तक किसी की गिरफ्तारी की पुष्टि नहीं हुई थी।
अधिकारियों का कहना है कि हमलावरों की पहचान स्पष्ट हो चुकी है और उन्हें जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि हमले में प्रयुक्त हथियार कहां से आए और क्या इसमें अन्य लोगों की भी भूमिका है।
क्षेत्र में दहशत
देर रात हुई इस वारदात से रावतपुर और आसपास के क्षेत्रों में दहशत का माहौल है। स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि यदि पुरानी रंजिशें इस तरह हिंसक रूप ले लेंगी तो आम लोगों की सुरक्षा खतरे में पड़ जाएगी। लोगों ने प्रशासन से इलाके में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और नियमित गश्त बढ़ाने की मांग की है।
कानून-व्यवस्था पर उठे सवाल
एक प्रमुख राजनीतिक पदाधिकारी पर इस तरह का हमला होना कानून-व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि व्यापारिक विवादों को समय रहते सुलझाना आवश्यक है, अन्यथा वे हिंसक रूप ले सकते हैं। पुलिस और प्रशासन को ऐसे संवेदनशील मामलों पर पहले से नजर रखनी चाहिए।
फिलहाल, शहर की निगाहें सोनू राठौर की स्वास्थ्य स्थिति और पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हैं। परिवार और समर्थक उनकी जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं, वहीं प्रशासन ने आरोपियों को शीघ्र गिरफ्तार करने का आश्वासन दिया है।
यह घटना न केवल एक व्यक्ति पर हमला है, बल्कि समाज में बढ़ती हिंसक प्रवृत्तियों की भी चेतावनी है, जिसे गंभीरता से लेने की जरूरत है।



