
गैरतपुर बास में अवैध गैस कारोबार पर बड़ी कार्रवाई, 64 सिलेंडर और वाहन जब्त
गुरुग्राम के बादशाहपुर क्षेत्र में एक बार फिर घरेलू गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी का बड़ा मामला उजागर हुआ है। खाद्य एवं पूर्ति विभाग की टीम ने सूचना के आधार पर छापेमारी करते हुए 64 गैस सिलेंडर बरामद किए और मौके से एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।

यह कार्रवाई 30 मार्च 2026 को उस समय की गई जब विभाग को गुप्त सूचना मिली कि गांव गैरतपुर बास में कुछ लोग घरेलू गैस सिलेंडरों का अवैध भंडारण और व्यापार कर रहे हैं। सूचना मिलते ही विभाग के निरीक्षक इंद्र कुमार ने अपनी टीम के साथ तुरंत कार्रवाई करने का निर्णय लिया।
टीम जब बताए गए स्थान पर पहुंची तो वहां शिव मंदिर के पास एक संदिग्ध वाहन खड़ा मिला। वाहन की गतिविधियां संदिग्ध लगने पर अधिकारियों ने उसकी जांच करने का निर्णय लिया। जब वाहन की तलाशी ली गई तो उसमें बड़ी संख्या में गैस सिलेंडर पाए गए।
तलाशी में सामने आया कि वाहन में इंडेन कंपनी के 14.2 किलोग्राम क्षमता वाले कुल 64 घरेलू गैस सिलेंडर मौजूद थे। हालांकि ये सिलेंडर खाली थे, लेकिन इतनी बड़ी संख्या में एक साथ इनका पाया जाना स्पष्ट रूप से अवैध गतिविधि की ओर इशारा कर रहा था।
मौके पर मौजूद व्यक्ति से पूछताछ की गई तो उसने अपना नाम हरिदत्त पुत्र विश्वम्बर बताया। जब उससे सिलेंडरों से संबंधित वैध दस्तावेज मांगे गए तो वह कोई भी प्रमाण प्रस्तुत नहीं कर पाया। इससे यह साफ हो गया कि यह गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी का मामला है।
अधिकारियों ने बताया कि घरेलू गैस सिलेंडरों का उपयोग केवल घरेलू उद्देश्यों के लिए किया जाना चाहिए, लेकिन कई लोग इन्हें सस्ते में खरीदकर व्यावसायिक उपयोग में लेते हैं या फिर अधिक कीमत पर बेचते हैं। यह न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि इससे आम उपभोक्ताओं को भी नुकसान होता है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग ने तुरंत पुलिस को सूचित किया। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया और सभी सिलेंडरों के साथ वाहन को भी जब्त कर लिया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 और एलपीजी नियमन आपूर्ति एवं वितरण अधिनियम 2000 के तहत केस दर्ज किया जा रहा है। इन कानूनों के तहत दोषी पाए जाने पर कड़ी सजा का प्रावधान है।
जांच अधिकारियों का कहना है कि यह मामला सिर्फ एक व्यक्ति तक सीमित नहीं हो सकता। इसके पीछे एक संगठित गिरोह भी हो सकता है, जो लंबे समय से इस अवैध कारोबार को अंजाम दे रहा है। इसलिए अब इस पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है।
स्थानीय निवासियों ने इस कार्रवाई को सराहनीय बताया है। उनका कहना है कि गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी के कारण उन्हें कई बार परेशानियों का सामना करना पड़ता है। समय पर गैस न मिलने और महंगे दामों पर सिलेंडर खरीदने की मजबूरी आम लोगों की बड़ी समस्या बन चुकी है।
खाद्य एवं पूर्ति विभाग ने चेतावनी दी है कि भविष्य में भी इस तरह की अवैध गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने लोगों से भी अपील की है कि अगर उन्हें कहीं गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी की सूचना मिले तो तुरंत प्रशासन को सूचित करें।
इस पूरी कार्रवाई ने यह स्पष्ट कर दिया है कि प्रशासन अब ऐसे मामलों को लेकर पूरी तरह सतर्क है और किसी भी कीमत पर कालाबाजारी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

