
हिसार में खौफनाक वारदात: तड़के घर में घुसकर हमला, महिला का जबरन अपहरण, पूरा परिवार घायल
हरियाणा के हिसार जिले में सोमवार तड़के एक दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया। नारनौंद थाना क्षेत्र के गांव गुराना में हथियारों से लैस बदमाशों ने दीवार फांदकर एक घर में घुसकर जमकर हिंसा की। हमलावरों ने घर के सदस्यों को बेरहमी से पीटा और लिव-इन रिलेशनशिप में रह रही महिला को जबरन अगवा कर लिया। इस हमले में परिवार के कई सदस्य गंभीर रूप से घायल हुए हैं। पुलिस ने मुख्य आरोपी सहित पांच लोगों के खिलाफ अपहरण और जानलेवा हमले जैसी गंभीर धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

नींद में था परिवार, अचानक टूटा कहर
घटना सोमवार सुबह करीब साढ़े तीन बजे की बताई जा रही है। गांव गुराना निवासी मोनू, जो पेशे से वेल्डिंग का काम करता है, अपने परिवार के साथ घर में सो रहा था। तभी अचानक 8 से 10 युवक दीवार फांदकर उसके घर में दाखिल हो गए। पीड़ित के अनुसार, आरोपियों के हाथों में हॉकी, लाठियां और लोहे की रॉड थीं। घर में घुसते ही उन्होंने बिना कुछ कहे हमला शुरू कर दिया।
हमले की आवाज सुनकर परिवार के अन्य सदस्य जागे, लेकिन तब तक बदमाशों ने चारों ओर अफरा-तफरी मचा दी थी। महिलाओं और बुजुर्गों तक को नहीं बख्शा गया। हमलावरों की मारपीट इतनी बेरहम थी कि कुछ ही देर में घर खून से सन गया। चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग सहम गए, लेकिन हथियारबंद बदमाशों के डर से कोई आगे नहीं आ सका।
महिला को बनाया निशाना
इस पूरी वारदात का मुख्य उद्देश्य घर में रह रही महिला शशि को अगवा करना था। मोनू का आरोप है कि आरोपियों ने पहले उसके परिवार को जान से मारने की नीयत से पीटा और फिर शशि को जबरन पकड़ लिया। उसे बालों से घसीटते हुए घर से बाहर ले जाया गया। बाहर पहले से खड़ी एक गाड़ी में उसे जबरदस्ती डाल दिया गया और आरोपी मौके से फरार हो गए।
आरोप है कि जाते समय बदमाशों ने मोनू को धमकाते हुए कहा कि अगर उसने पुलिस में शिकायत की या शशि से दोबारा मिलने की कोशिश की, तो उसे जान से हाथ धोना पड़ेगा। इस धमकी के बाद से पीड़ित परिवार दहशत में है।
प्रेम प्रसंग से जुड़ा है मामला
पुलिस जांच में सामने आया है कि इस हमले की जड़ में प्रेम प्रसंग और पुरानी रंजिश है। मोनू ने पुलिस को बताया कि शशि 16 जनवरी से उसके साथ रह रही थी। दोनों के रिश्ते की जानकारी मिलने के बाद उन्हें लगातार धमकियां मिलने लगी थीं। अपनी सुरक्षा को लेकर आशंकित होकर दोनों 19 जनवरी को हिसार के एक सेफ हाउस में चले गए थे।
इसी दौरान आरोपी नरपेन्द्र ने लोहारू थाने में शशि की गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जब पुलिस ने शशि को बरामद कर बयान दर्ज किए, तो उसने साफ कहा कि वह अपनी मर्जी से मोनू के साथ रह रही है और नरपेन्द्र के साथ नहीं जाना चाहती। इसके बाद पुलिस ने शशि को सुरक्षित रखा।
गांव लौटते ही रची गई साजिश
करीब 30 जनवरी को मोनू और शशि वापस गांव गुराना लौट आए। पुलिस का मानना है कि इसी बात से नाराज होकर आरोपियों ने बदला लेने की योजना बनाई। पूरी तैयारी के साथ हथियार जुटाए गए और तड़के समय घर पर हमला कर अपहरण को अंजाम दिया गया।
पुलिस की तत्परता, घायलों का इलाज
घटना की सूचना मिलते ही खेड़ी चौपटा पुलिस चौकी की टीम मौके पर पहुंची। घर की हालत देखकर पुलिस भी सन्न रह गई। घायल मोनू और उसके परिजनों को तुरंत हांसी के नागरिक अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें हिसार रेफर कर दिया गया। डॉक्टरों के अनुसार, कुछ घायलों को सिर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं।
सब इंस्पेक्टर महेंद्र सिंह ने बताया कि मोनू की हालत स्थिर होने के बाद उसके बयान दर्ज किए गए हैं। शिकायत के आधार पर नरपेन्द्र, नितेश, प्रदीप, सोनू और अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ अपहरण, जानलेवा हमला, घर में घुसकर मारपीट और आपराधिक धमकी जैसी धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।
महिला की तलाश में जुटी पुलिस
पुलिस ने महिला की सकुशल बरामदगी को प्राथमिकता देते हुए विशेष टीमें गठित की हैं। आरोपियों के संभावित ठिकानों पर लगातार दबिश दी जा रही है। आसपास के जिलों में भी नाकेबंदी कराई गई है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा और महिला को सुरक्षित बरामद किया जाएगा।
गांव में दहशत और गुस्सा
इस घटना के बाद गांव गुराना में भय और आक्रोश का माहौल है। ग्रामीणों का कहना है कि इस तरह की घटनाएं कानून-व्यवस्था पर सवाल खड़े करती हैं। लोगों ने पीड़ित परिवार को सुरक्षा देने और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
यह मामला न केवल एक आपराधिक घटना है, बल्कि समाज में रिश्तों को लेकर बढ़ते तनाव और हिंसा की तस्वीर भी पेश करता है। अब सभी की निगाहें पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हैं कि कब आरोपियों की गिरफ्तारी होती है और पीड़ित महिला को सुरक्षित घर वापस लाया जाता है।

