
गुमशुदा बच्ची की तलाश में नई तकनीक: ड्रोन कैमरे से नाले में मिला चार साल की बच्ची का शव
नई दिल्ली।
दिल्ली पुलिस ने एक संवेदनशील मामले की जांच में आधुनिक तकनीक का सहारा लेते हुए पहली बार ड्रोन का इस्तेमाल किया। यह कदम उस समय उठाया गया, जब गुमशुदा चार वर्षीय बच्ची की तलाश के तमाम पारंपरिक प्रयास विफल हो गए। ड्रोन सर्वे के दौरान बच्ची का शव एक नाले के बीच दलदली हिस्से में फंसा मिला।

शिकायत के बाद शुरू हुई तलाश
रोहिणी के प्रेम नगर थाना क्षेत्र से 9 जनवरी को एक महिला ने अपनी बेटी के लापता होने की सूचना पुलिस को दी थी। शुरुआती स्तर पर पुलिस टीम ने इलाके में खोजबीन की, सीसीटीवी फुटेज खंगाले और स्निफर डॉग की मदद भी ली, लेकिन कोई सुराग हाथ नहीं लगा।
नालों पर केंद्रित हुई जांच
लगातार असफलता के बाद जांच का दायरा बदला गया। इलाके में मौजूद कई खुले और भरे हुए नालों को देखते हुए पुलिस को आशंका हुई कि बच्ची किसी नाले में गिर सकती है। इसके बाद ड्रोन से ऊंचाई से तलाशी लेने का निर्णय लिया गया।
12 जनवरी को मिला शव
ड्रोन कैमरे की मदद से 12 जनवरी को विद्यापति नगर के पास एक नाले में बच्ची का शव दिखाई दिया। शव नाले के बीच कीचड़ में फंसा हुआ था, जिससे जमीन से देखने पर उसका पता नहीं चल पा रहा था। शव को बाहर निकालकर पोस्टमार्टम कराया गया।
पोस्टमार्टम में डूबने से मौत की पुष्टि
रोहिणी जिला पुलिस के अनुसार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बच्ची की मौत का कारण डूबना बताया गया है। पुलिस का कहना है कि बच्ची मानसिक रूप से कमजोर थी और आशंका है कि वह भटकते हुए नाले में गिर गई हो।
जांच जारी, आरोपी का कोई सुराग नहीं
फिलहाल इस मामले में किसी आपराधिक गतिविधि के संकेत नहीं मिले हैं। पुलिस हर पहलू से जांच कर रही है और परिजनों को हर संभव सहायता दी जा रही है।



