
कानपुर में चाइनीज मांझे का खतरनाक जाल: बाइक सवार युवक की गर्दन पर लगा गहरा कट, 16 टांके; पुलिस ने दर्ज किया हत्या के प्रयास का केस
उत्तर प्रदेश के कानपुर में होली के दिन एक ऐसा हादसा हुआ जिसने एक बार फिर चाइनीज मांझे के खतरों को उजागर कर दिया। बाइक से जा रहे एक युवक की गर्दन अचानक सड़क पर लटके चाइनीज मांझे से टकरा गई, जिससे उसकी गर्दन बुरी तरह कट गई। गंभीर रूप से घायल युवक को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसकी जान बचाने के लिए 16 टांके लगाए।

इस घटना के बाद पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। प्रशासन की ओर से पहले ही चाइनीज मांझे की बिक्री और इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगाया जा चुका है, लेकिन इसके बावजूद इस तरह के हादसे सामने आ रहे हैं।
होली की खुशी में निकले थे घर से
मिली जानकारी के अनुसार चकेरी थाना क्षेत्र के शिवकटरा इलाके में रहने वाले जयप्रकाश यादव अपने बहनोई रघुवीर यादव के साथ बाइक से उन्नाव जिले के झगरपुर गांव जा रहे थे। दोनों होली के मौके पर रिश्तेदारों से मिलने के लिए निकले थे।
रघुवीर यादव के मुताबिक बाइक जयप्रकाश चला रहे थे और वह पीछे बैठे हुए थे। दोनों सामान्य गति से सड़क पर आगे बढ़ रहे थे। रास्ते में सब कुछ सामान्य था और उन्हें किसी खतरे का अंदाजा भी नहीं था।
अचानक हुआ दर्दनाक हादसा
जाजमऊ इलाके में पहुंचते ही अचानक एक ऐसी घटना हुई जिसने दोनों को हिला कर रख दिया। सड़क के ऊपर कहीं से चाइनीज मांझा लटका हुआ था, जो उन्हें दिखाई नहीं दिया।
जैसे ही बाइक आगे बढ़ी, वह मांझा सीधे जयप्रकाश की गर्दन से टकरा गया। मांझा बेहद तेज था और गर्दन से टकराते ही उसने गहरा कट लगा दिया।
घटना इतनी अचानक हुई कि जयप्रकाश को संभलने का मौका भी नहीं मिला। कुछ ही सेकंड में उनकी गर्दन से खून बहने लगा।
खून देखकर घबरा गए लोग
गर्दन कटते ही जयप्रकाश ने तुरंत बाइक रोकने की कोशिश की। रघुवीर ने देखा कि उनकी गर्दन से तेजी से खून बह रहा है। यह देखकर वह घबरा गए और आसपास के लोगों से मदद मांगी।
सड़क पर मौजूद लोगों ने जब यह दृश्य देखा तो वहां भीड़ जमा हो गई। कुछ लोगों ने तुरंत कपड़े से घाव दबाकर खून रोकने की कोशिश की।
इसके बाद घायल युवक को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाने की व्यवस्था की गई।
अस्पताल में चला उपचार
घटना की सूचना पुलिस को भी दी गई। इसके बाद जयप्रकाश को सर्वोदयनगर स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया।
डॉक्टरों ने जांच करने के बाद बताया कि युवक की गर्दन पर गहरा जख्म है। खून काफी बह चुका था, इसलिए तुरंत उपचार शुरू किया गया।
घाव को ठीक करने के लिए डॉक्टरों को 16 टांके लगाने पड़े। डॉक्टरों के अनुसार अगर कट थोड़ा और गहरा होता तो युवक की जान को गंभीर खतरा हो सकता था।
पुलिस ने दर्ज किया केस
इस घटना को गंभीरता से लेते हुए चकेरी थाना पुलिस ने अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ हत्या के प्रयास का मामला दर्ज कर लिया है।
थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह ने बताया कि पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि चाइनीज मांझा किसने उड़ाया था या वह सड़क पर कैसे लटका हुआ था।
पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाल रही है।
चाइनीज मांझे पर पहले से है प्रतिबंध
उत्तर प्रदेश सरकार ने पहले ही चाइनीज मांझे की बिक्री और इस्तेमाल पर प्रतिबंध लगा रखा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए थे।
चाइनीज मांझा बेहद खतरनाक होता है क्योंकि इसे मजबूत बनाने के लिए इसमें कांच और धातु के महीन कण मिलाए जाते हैं। यही कारण है कि यह सामान्य धागे की तुलना में कई गुना ज्यादा तेज होता है।
फिर भी बाजार में मिल रहा है मांझा
प्रतिबंध के बावजूद कई बाजारों में चाइनीज मांझा चोरी-छिपे बेचा जा रहा है। त्योहारों के समय पतंगबाजी का शौक रखने वाले लोग इसे खरीद लेते हैं क्योंकि यह मजबूत और सस्ता होता है।
लेकिन लोग अक्सर यह भूल जाते हैं कि यही मांझा किसी की जान भी ले सकता है।
पक्षियों के लिए भी घातक
चाइनीज मांझा केवल इंसानों के लिए ही नहीं बल्कि पक्षियों के लिए भी बेहद खतरनाक है। हर साल हजारों पक्षी इस मांझे में फंसकर घायल हो जाते हैं या उनकी मौत हो जाती है।
पर्यावरण और वन्यजीव संरक्षण से जुड़े संगठन भी समय-समय पर इस पर पूरी तरह रोक लगाने की मांग करते रहे हैं।
प्रशासन की सख्ती जरूरी
कानपुर की यह घटना एक बार फिर यह सवाल खड़ा करती है कि प्रतिबंध के बावजूद चाइनीज मांझा बाजार में कैसे पहुंच रहा है।
विशेषज्ञों का कहना है कि जब तक इसकी बिक्री पर पूरी तरह सख्ती नहीं होगी और लोगों को इसके खतरों के बारे में जागरूक नहीं किया जाएगा, तब तक ऐसे हादसे रुकना मुश्किल है।
युवक की हालत अब स्थिर
फिलहाल घायल युवक जयप्रकाश यादव का इलाज अस्पताल में चल रहा है। डॉक्टरों के अनुसार उनकी हालत अब स्थिर है, लेकिन उन्हें कुछ दिनों तक निगरानी में रखा जाएगा।
परिवार के लोग भी इस घटना से सदमे में हैं और युवक के जल्द स्वस्थ होने की प्रार्थना कर रहे हैं।
लोगों को सतर्क रहने की जरूरत
यह घटना सभी के लिए एक चेतावनी है। पतंग उड़ाने का शौक कभी-कभी दूसरों की जिंदगी के लिए खतरा बन सकता है।
जरूरी है कि लोग सुरक्षित मांझे का इस्तेमाल करें और प्रशासन भी इस प्रतिबंध को सख्ती से लागू करे।
अगर समाज और प्रशासन दोनों मिलकर जिम्मेदारी निभाएं, तभी ऐसे खतरनाक हादसों को रोका जा सकता है।



