
आज खुलेगा नया आसमान: पीएम नरेंद्र मोदी करेंगे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का उद्घाटन
उत्तर प्रदेश और पूरे देश के लिए आज का दिन बेहद खास होने जा रहा है। करीब 24 वर्षों के लंबे इंतजार के बाद आज प्रधानमंत्री Narendra Modi जेवर स्थित Noida International Airport का भव्य उद्घाटन करेंगे। इस एयरपोर्ट के शुरू होने से न केवल पश्चिमी उत्तर प्रदेश बल्कि दिल्ली-एनसीआर और आसपास के राज्यों के यात्रियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

सुबह 11:30 बजे होगा उद्घाटन
प्रधानमंत्री लगभग सुबह 11:30 बजे उद्घाटन समारोह में शामिल होंगे। इस मौके पर एक विशाल जनसभा का आयोजन भी किया गया है, जिसमें करीब 2 लाख लोगों के पहुंचने की संभावना जताई जा रही है। उद्घाटन के बाद पीएम जनता को संबोधित करेंगे और इस प्रोजेक्ट के महत्व पर प्रकाश डालेंगे।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
प्रधानमंत्री के दौरे को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। पूरे क्षेत्र को हाई अलर्ट पर रखा गया है। Special Protection Group (SPG) ने सुरक्षा की कमान संभाल ली है।
इसके अलावा Central Industrial Security Force (CISF), Provincial Armed Constabulary (PAC), Rapid Action Force (RAF) और Anti-Terrorism Squad (ATS) के जवानों को तैनात किया गया है। लगभग 5000 पुलिसकर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है।
पूरा इलाका सीसीटीवी कैमरों से लैस है और निगरानी के लिए एक विशेष कंट्रोल रूम बनाया गया है। इसके अलावा ड्रोन से भी हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है।
रेड जोन घोषित किया गया क्षेत्र
एयरपोर्ट के आसपास के पूरे इलाके को रेड जोन घोषित किया गया है। अनधिकृत गतिविधियों पर पूरी तरह रोक है। वाहनों की पार्किंग के लिए 15 बड़े पार्किंग स्थल बनाए गए हैं ताकि लोगों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
एशिया का सबसे बड़ा ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट
Noida International Airport को एशिया का सबसे बड़ा ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट बताया जा रहा है। करीब 11,200 करोड़ रुपये की लागत से बने इस एयरपोर्ट को पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल पर विकसित किया गया है।
आधुनिक सुविधाओं से लैस
इस एयरपोर्ट की शुरुआती क्षमता 12 मिलियन यात्रियों प्रति वर्ष है, जिसे भविष्य में बढ़ाकर 70 मिलियन तक किया जाएगा। इसका रनवे 3900 मीटर लंबा है, जिससे बड़े से बड़े विमान यहां आसानी से उतर और उड़ान भर सकेंगे।
यहां इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम और एडवांस्ड एयरफील्ड लाइटिंग मौजूद है, जिससे 24 घंटे उड़ानों का संचालन संभव होगा।
कार्गो और कनेक्टिविटी
शुरुआत में एयरपोर्ट की माल ढुलाई क्षमता 2.5 लाख मीट्रिक टन होगी, जिसे धीरे-धीरे बढ़ाकर 18 लाख मीट्रिक टन तक किया जाएगा।
यह एयरपोर्ट सड़क, रेल और मेट्रो नेटवर्क से जुड़ा होगा, जिससे यात्रियों को बेहतरीन कनेक्टिविटी मिलेगी।
निष्कर्ष
यह एयरपोर्ट न केवल उत्तर प्रदेश बल्कि पूरे देश के लिए एक बड़ा इंफ्रास्ट्रक्चर माइलस्टोन साबित होगा। इससे रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और क्षेत्र का आर्थिक विकास तेज होगा।



